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हाथी दिवस पर विशेषः उत्तराखंड में झोलियां भी भरते हैं हाथी, जंगल की सुरक्षा में भी देते हैं योगदान, आंकड़े दे रहे गवाही

Published: Sun, 04 Oct 2026 12:30 AM (IST)

उत्तराखंड में हाथी पारिस्थितिकी तंत्र के प्रहरी होने के साथ-साथ पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूत कर रहे हैं। ...और पढ़ें

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केदार दत्त, जागरण देहरादून। उत्तराखंड में यमुना से लेकर शारदा नदी तक राजाजी व कार्बेट टाइगर रिजर्व समेत 13 वन प्रभागों के 6643.5 वर्ग किमी में फैले जंगलों में हाथी केवल पारिस्थितिकी तंत्र के प्रहरी ही नहीं, बल्कि पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती दे रहे हैं।

हर साल ही पर्यटक सीजन (15 नवंबर से 15 जून) में इनके दीदार को राजाजी और कार्बेट में बड़ी संख्या में सैलानी पहुंचते हैं। एशियाई हाथियों की प्रमुख सैरगाह राजाजी टाइगर रिजर्व को ही लें तो पिछले सीजन में रिजर्व को 3.46 करोड़ रुपये का राजस्व मिला।

इसके साथ ही रिजर्व से सटी ईको विकास समितियों के अलावा आसपास के होटल-रिसार्ट, होम स्टे संचालकों को भी ठीकठाक आय हुई। ऐसा ही परिदृश्य कार्बेट टाइगर रिजर्व का भी है।

लगातार बढ़ रहा हाथियों का कुनबा

राष्ट्रीय विरासत पशु हाथी के संरक्षण को लेकर राज्य में उठाए गए कदमों का ही परिणाम है कि इनकी संख्या निरंतर बढ़ रही है। वर्ष 2007 में यहां हाथियों की संख्या 1346 आंकी गई थी, जो वर्ष 2020 में हुई पिछली गणना में बढ़कर 2026 पहुंच गई।

यही नहीं, अब हाथी गणना हो चुकी है, जिसके परिणाम जल्द जारी होंगे। राजाजी टाइगर रिजर्व के निदेशक कोको रोसे के अनुसार हाथी संरक्षण को पूरी गंभीरता से कदम उठाए जा रहे हैं।

हाथी सफारी से लेकर सुरक्षा तक

राजाजी में सैलानियों के लिए अब हाथी सफारी भी आकर्षण का केंद्र बनी है। वहां पिछले साल से दो रूट पर हाथी सफारी कराई जा रही है। इसके लिए दो हाथिनियों राधा व रंगीली की सेवाएं ली जाती हैं।

इस रिजर्व में पालतू हाथियों की संख्या नौ है। वर्षाकाल में ये हाथी जंगल की सुरक्षा के दृष्टिगत गश्त में सेवाएं देते हैं। इसी प्रकार कार्बेट टाइगर रिजर्व में 14 पालतू हाथी हैं, जो सफारी व सुरक्षा में सक्रिय योगदान दे रहे हैं।

यहां हैं हाथियों की मौजूदगी

राजाजी व कार्बेट टाइगर रिजर्व, देहरादून, लैंसडौन, कालसी, हरिद्वार, नरेंद्रनगर, तराई पूर्वी, तराई केंद्रीय, रामनगर, हल्द्वानी, तराई पश्चिमी व चंपावत वन प्रभाग।

राज्य में हाथियों की संख्या

गणना वर्ष हाथियों की संख्या
2020 2,026
2017 1,839
2015 1,797
2012 1,559
2007 1,346

राजाजी में सैलानी और आय

वर्ष / अवधि पर्यटक संख्या कुल आय (₹)
अप्रैल 2026 से सितंबर 2026 46,578 ₹91,03,300
अप्रैल 2025 से मार्च 2026 1,67,164 ₹3,46,22,685
अप्रैल 2024 से मार्च 2025 1,67,762 ₹3,88,72,016
अप्रैल 2023 से मार्च 2024 1,59,402 ₹3,14,13,331

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