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जागरण संवाददाता, देहरादून : राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद ने निर्णय लिया कि 27 अप्रैल तक यदि होम्योपैथी फार्मेसिस्टों को एसीपी का लाभ नहीं दिया जाता है तो 29 अप्रैल से सभी कर्मचारी होम्योपैथी निदेशक का उनके कार्यालय में घेराव करेंगे।

मंगलवार को राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद की उच्च स्तरीय कोर कमेटी की बैठक विकास भवन में संगठन के अध्यक्ष ठाकुर प्रहलाद सिंह की अध्यक्षता में हुई। बताया कि होम्योपैथी निदेशक से वरिष्ठ फार्मेसिस्टों के लिए एसीपी लागू करने व वित्त विभाग से निर्देश प्राप्त करने के लिए कई बार वार्ता हो चुकी है। हर बार निदेशक की ओर से आश्वासन मिला कि उनकी मांग पर अंतिम निर्णय लिया जा रहा है। लेकिन तीन महीने बाद भी निदेशक की ओर से शासन को पत्र नहीं लिखा गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि निदेशक सरकारी कार्यो में रुचि नहीं ले रहे हैं। उन्होंने सरकार से यह भी मांग की कि यदि निदेशक अपनी ढुलमुल नीति पर कोई बदलाव नहीं करते हैं तो उन्हें तत्काल निदेशक के पद से हटाकर किसी सक्षम अधिकारी को नियुक्त किया जाए। इस बात पर भी नाराजगी व्यक्त की गई कि कर्मचारियों का अभी तक वेतन भुगतान न होने व कई कर्मियों का वाहन भत्ता मार्च माह के वेतन के साथ भुगतान नहीं किया गया। बैठक में निर्णय लिया गया कि काम न करने वाले अधिकारियों को चिह्नित कर तीन दिन के भीतर इसकी शिकायत शासन से की जाएगी। बैठक में राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के वरिष्ठ नेता नंद किशोर त्रिपाठी, शक्ति प्रसाद भट्ट, चौधरी ओमप्रकाश सिंह, जीएन सेमवाल, आरएस बिष्ट, हेमलता भंडारी, चित्रा राणा, विजय जोशी आदि मौजूद रहे।

Posted By: Jagran

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