मसूरी के बैरियरों पर जाम से मुक्ति, फास्टैग लागू करने की कसरत तेज
मसूरी के बैरियरों पर फास्टैग व्यवस्था लागू करने की कवायद तेज हो गई है, जिससे वाहनों की लंबी कतारों और शुल्क वसूली की समस्याओं का समाधान होगा।

वाहनों की लंबी कतारों से राहत मिलेगी. File Photo
HighLights
मसूरी बैरियरों पर फास्टैग व्यवस्था लागू करने की कवायद तेज हुई।
एनएचएआई और पालिका ने संयुक्त निरीक्षण कर तकनीकी तैयारियों का आकलन किया।
फास्टैग से वाहनों की कतारें घटेंगी, शुल्क वसूली पारदर्शी बनेगी।
जागरण कार्यालय, मसूरी। पहाड़ों की रानी मसूरी में पर्यटन सीजन के दौरान बैरियरों पर लगने वाले जाम और शुल्क वसूली की समस्याओं को दूर करने के लिए नगर पालिका परिषद और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआइ) ने फास्टैग व्यवस्था लागू करने की दिशा में कदम तेज कर दिए हैं।
बुधवार को दोनों विभागों की संयुक्त टीम ने कोल्हूखेत स्थित इको पर्यटन शुल्क बैरियर और माल रोड के दोनों बैरियरों का स्थलीय निरीक्षण किया।
शुल्क वसूली पूरी तरह डिजिटल
निरीक्षण के दौरान फास्टैग प्रणाली स्थापित करने के लिए आवश्यक तकनीकी व्यवस्थाओं, उपकरणों की स्थापना, यातायात संचालन और अन्य आधारभूत जरूरतों का आकलन किया गया। अधिकारियों ने बैरियरों की मौजूदा स्थिति का जायजा लेते हुए व्यवस्था को शीघ्र लागू करने पर चर्चा की।
नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी गौरव भसीन ने बताया कि फास्टैग प्रणाली लागू होने से बैरियरों पर शुल्क वसूली पूरी तरह डिजिटल हो जाएगी। इससे पर्यटकों और स्थानीय लोगों को वाहनों की लंबी कतारों से राहत मिलेगी और शुल्क संग्रहण प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और सुगम बनेगी।
निरीक्षण के बाद आयोजित बैठक में एनएचएआइ और पालिका के बीच प्रस्तावित समझौता ज्ञापन (एमओयू) की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने पर चर्चा की गई। इसके लिए जल्द ही सभी संबंधित पक्षों की बैठक आयोजित की जाएगी, जिसके बाद परियोजना को अंतिम रूप दिया जाएगा।
पालिका प्रशासन का मानना है कि फास्टैग व्यवस्था लागू होने से पर्यटन सीजन में बैरियरों पर लगने वाले जाम में कमी आएगी, यात्रियों का समय बचेगा और राजस्व संग्रहण व्यवस्था भी अधिक प्रभावी होगी। संयुक्त निरीक्षण और बैठक में एनएचएआइ के वरिष्ठ तकनीकी विशेषज्ञ, पालिका अध्यक्ष, सभासद, अधिशासी अधिकारी गौरव भसीन तथा संबंधित विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
