देहरादून में फिर गरजा बुलडोजर, चार बड़ी कार्रवाई; 10 बीघा प्लाटिंग ध्वस्त
मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने राजधानी में अवैध प्लाटिंग और बिना नक्शा स्वीकृत कराए निर्माण के खिलाफ बड़ा अभियान चलाया है।


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जागरण संवाददाता, देहरादून। राजधानी में अवैध प्लाटिंग और बिना नक्शा स्वीकृत कराए निर्माण करने वालों के खिलाफ मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने बुधवार को बड़ा अभियान चलाया।
प्राधिकरण की टीम ने नया हाईवे स्थित सुमेरू विहार के पास करीब 10 बीघा में विकसित की जा रही अवैध प्लाटिंग पर बुलडोजर चलाकर उसे ध्वस्त कर दिया। वहीं, देहरादून व ऋषिकेश में तीन अवैध निर्माणों को सील कर दिया गया। लगातार कार्रवाई से भूमाफिया व नियमों की अनदेखी कर निर्माण करने वालों में हड़कंप मचा हुआ है।
जेसीबी से किया ध्वस्त
एमडीडीए की सेक्टरवार प्रवर्तन टीमों को विभिन्न क्षेत्रों में अवैध निर्माण व प्लाटिंग की शिकायतें मिल रही थीं। जांच में शिकायतें सही पाए जाने पर बुधवार को एक साथ चार स्थानों पर कार्रवाई की गई। नया हाईवे स्थित सुमेरू विहार के निकट कुलदीप रावत द्वारा लगभग 10 बीघा भूमि पर विकसित की जा रही अवैध प्लाटिंग में बनाई गई सड़क, सीमांकन और अन्य विकास कार्यों को जेसीबी से ध्वस्त कर दिया गया।
चुक्खुवाला में पोस्ट आफिस के पीछे राजेश्वरी भट्ट द्वारा बिना अनुमति कराए जा रहे निर्माण को सील कर दिया गया। ऋषिकेश के हरिपुर कलां में भी दो स्थानों पर कार्रवाई की गई। आदित्य नाथ अखाड़े के सामने आदित्य मित्तल द्वारा कराए जा रहे निर्माण और गोडविन स्कूल के निकट धीरेन्द्र परिहार द्वारा किए जा रहे निर्माण पर भी एमडीडीए ने सील लगा दी।
एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध निर्माण और अवैध प्लाटिंग के खिलाफ जीरो टालरेंस की नीति अपनाई गई है। बिना अनुमति निर्माण करने वालों को किसी प्रकार की राहत नहीं दी जाएगी। उन्होंने लोगों से भी अपील की कि किसी भूखंड की खरीद से पहले उसकी वैधानिक स्थिति की पूरी जांच अवश्य कर लें।
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