विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 26, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

लाभांशु ने कुश्ती में जीता 'भारत केसरी' का खिताब

By JagranEdited By:
Published: Mon, 26 Jul 2021 03:37 AM (IST)

जागरण संवाददाता ऋषिकेश ऋषिकेश निवासी अंतरराष्ट्रीय कुश्ती पहलवान लाभांशु शर्मा ने भा

लाभांशु ने कुश्ती में जीता 'भारत केसरी' का खिताब
लाभांशु ने कुश्ती में जीता 'भारत केसरी' का खिताब

जागरण संवाददाता, ऋषिकेश :

ऋषिकेश निवासी अंतरराष्ट्रीय कुश्ती पहलवान लाभांशु शर्मा ने 'भारत केसरी कुश्ती दंगल-2021' में स्वर्ण पदक जीतकर उत्तराखंड का नाम रोशन किया है। इसके साथ ही युवा पहलवान लाभांशु देश के सबसे पुराने खिताब ''भारत केसरी'' भी अपने नाम कर इस टाइटल को हासिल करने वाले उत्तराखंड के पहले पहलवान बने हैं।

स्पो‌र्ट्स एसोसिएशन तमिलनाडु के तत्वावधान में तमिलनाडु के मदुरई शहर में 23 व 24 जुलाई को आयोजित हुई 'भारत केसरी कुश्ती दंगल-2021' प्रतियोगिता के फाइनल मुकाबले में लाभांशु ने मेजबान तमिलनाडु के पहलवान एस राधाकृष्णन को चारों खाने चित कर विजेता ट्राफी व खिताब अपने नाम किया। उत्तराखंड कुश्ती संघ के सीनियर कोच व लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड से सम्मानित पवन कुमार ने लाभांशु की जीत पर खुशी जाहिर की। उन्होंने बताया कि उत्तराखंड राज्य बने हुए 20 साल से अधिक हो चुका है लेकिन कोई भी पहलवान अभी तक भारत केसरी का खिताब नहीं जीत पाया था। लाभांशु ने आज भारत केसरी का टाइटल जीतकर 20 वर्षों का सूखा खत्म कर दिया। लाभांशु शर्मा अब तक कुश्ती में राज्य स्तर पर 15 स्वर्ण, राष्ट्रीय स्तर पर 10 पदक और अंतरराष्ट्रीय कुश्ती प्रतियोगिता में दो स्वर्ण पदक और एक रजत पदक जीत चुके हैं। अंतरराष्ट्रीय गढ़वाल महासभा के अध्यक्ष राजे सिंह नेगी ने लाभांशु शर्मा की इस उपलब्धि पर उन्हें बधाई दी। कहा कि लाभांशु की की यह उपलब्धि ऋषिकेश ही नहीं बल्कि उत्तराखंड के लिए भी गर्व की बात है।

- आज वह दिन आ ही गया जिसका मैं पिछले 12 साल से इंतजार कर रहा था। जब मैं छोटा था, तब सोचता था कि क्या मैं देश का कोई बड़ा खिताब जीत पाउंगा। लेकिन आज मैने यह कर दिखाया। इस खिताब को जीतने के लिए मैं पिछले 12 सालों से रोजाना सुबह तीन बजे उठकर ट्रेनिंग कर रहा था, उसका फल आज मिल गया है।

लाभांशु शर्मा, अंतरराष्ट्रीय कुश्ती पहलवान