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लोकभवन से नवाचार की नई राह दिखा गए राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह, राज्य से पलायन को रोकने के लिए भी किया काम

Published: Tue, 13 Oct 2026 03:32 PM (IST)

उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि.) ने अपने कार्यकाल में तकनीक, नवाचार और जनभागीदारी को बढ़ावा दिया। उन्होंने ...और पढ़ें

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राज्य ब्यूरो, जागरण, देहरादून। उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि.) का कार्यकाल पांच वर्ष से अधिक रहा। इस दौरान उन्होंने राज्य की उन्नति के लिए कई पहल कीं। उनकी प्रमुख प्राथमिकताओं में तकनीक, नवाचार और जनभागीदारी को बढ़ावा देना रहा।

15 सितंबर, 2021 को पदभार संभालने के बाद उन्होंने पलायन रोकने, महिला सशक्तीकरण, बालिका शिक्षा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआइ), जैविक खेती और वेलनेस पर जोर दिया। उनकी सोच थी कि पहाड़ की चुनौतियों का समाधान स्थानीय प्रतिभा, शोध और आधुनिक तकनीक के समन्वय से निकाला जाए।

एआइ से स्टार्टअप तक नवाचार

उन्होंने नवंबर, 2025 में उत्तराखंड एआइ मिशन की शुरुआत की। मई, 2026 में एआइ थीम रूम और एआइ आन व्हील्स के माध्यम से विद्यार्थियों को नई तकनीक से जोड़ने की पहल की गई। आपरेशन कल्कि के तहत विद्यार्थियों के नवाचारी विचारों से 108 एप विकसित करने की दिशा में काम हुआ।

जुलाई, 2026 में आपरेशन साथी और आरोही इन्क्यूबेटर की शुरुआत की गई। इन पहलों का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों और सीमांत इलाकों की प्रतिभाओं को पहचानना, उन्हें मार्गदर्शन देना और स्टार्टअप व स्वरोजगार के अवसरों से जोड़ना रहा।

शिक्षा और डिजिटल संस्कृति पर जोर

एक विश्वविद्यालय-एक शोध' पहल के माध्यम से उच्च शिक्षा को राज्य की विकास संबंधी जरूरतों से जोड़ने का प्रयास हुआ। 'प्रज्ञानम्' एआइ चैटबाट और 'गढ़ संवाद' जैसी पहलों से तकनीक तथा स्थानीय भाषा को डिजिटल मंच देने पर जोर रहा। महिलाओं को सहायता और जानकारी उपलब्ध कराने के लिए 'गार्गी नारी शक्ति' एआइ चैटबाट भी शुरू किया गया।

सीमांत गांवों से स्वास्थ्य तक

उन्होंने ने 51 वाइब्रेंट गांवों में से 30 का दौरा कर स्थानीय लोगों से संवाद किया। टीबी मुक्त भारत अभियान में वह 93 मरीजों के निक्षय मित्र बने। राजभवन में आरोग्यधाम के माध्यम से पारंपरिक चिकित्सा और फिजियोथेरेपी की सुविधाएं भी विकसित की गईं। उनके कार्यकाल की इन पहलों का दीर्घकालिक प्रभाव रोजगार, पलायन और ग्रामीण विकास के परिणामों से आंका जाएगा।

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