विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

चुनावी मोड में कांग्रेस: उत्तराखंड के 10 पर्वतीय जिलों को 4 जोन में बांटा, वरिष्ठ नेताओं को कमान

Published: Sat, 20 Jun 2026 03:39 PM (IST)

उत्तराखंड विधानसभा चुनाव की तैयारियों के लिए कांग्रेस ने 10 पर्वतीय जिलों को चार जोन में बांटा है, जिनकी कमान वरिष्ठ नेताओं को सौंपी गई है।

पत्रकारों से वार्ता करते चुनाव अभियान समिति के अध्यक्ष एवं चकराता विधायक प्रीतम सिंह।

पत्रकारों से वार्ता करते चुनाव अभियान समिति के अध्यक्ष एवं चकराता विधायक प्रीतम सिंह।

timer icon

समय कम है?

जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

संक्षेप में पढ़ें

राज्य ब्यूरो, देहरादून। आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों को धार देने के लिए कांग्रेस ने अपनी नई राजनीतिक रणनीति के तहत संगठन को मजबूत करना शुरू कर दिया है।

इसके लिए प्रदेश के 10 पर्वतीय जनपदों को चार अलग-अलग जोन में विभाजित किया गया है, जिनकी कमान पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को सौंपी गई है। कांग्रेस का यह विशेष जनसंपर्क एवं जनजागरण अभियान 28 जून से शुरू होकर 12 जुलाई तक चलेगा।

किस नेता को मिला कौन सा जोन?

पार्टी आलाकमान ने पर्वतीय जिलों में ताकत झोंकने के लिए वरिष्ठ नेताओं को इस प्रकार जिम्मेदारी बांटी है।

  • जोन 1 (पिथौरागढ़, चंपावत और बागेश्वर): इस क्षेत्र की कमान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल खुद संभालेंगे।
  • जोन 2 (रुद्रप्रयाग, चमोली और पौड़ी): चुनाव प्रबंधन समिति के अध्यक्ष डॉ. हरक सिंह रावत इस जोन में अभियान का नेतृत्व करेंगे।
  • जोन 3 (उत्तरकाशी और टिहरी): चुनाव अभियान समिति के अध्यक्ष एवं चकराता विधायक प्रीतम सिंह को इसकी जिम्मेदारी दी गई है।
  • जोन 4 (नैनीताल और अल्मोड़ा): इस क्षेत्र में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा पार्टी के अभियान को आगे बढ़ाएंगे।

रावत व आर्य करेंगे दौरा

इस अभियान के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत और नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य भी सभी जिलों का दौरा करेंगे और कार्यकर्ताओं व आम जनता से सीधा संवाद स्थापित करेंगे।

दो चरणों में होगा अभियान

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने बताया कि यह अभियान दो चरणों में चलेगा। पहले चरण में पर्वतीय जिलों को मथने के बाद, दूसरे चरण में देहरादून, हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर के मैदानी क्षेत्रों में अभियान शुरू किया जाएगा।

जनता के बीच उठाए जाएंगे ये मुख्य मुद्दे

  • राज्य सरकार की कथित विफलताएं और बढ़ती बेरोजगारी।
  • कमरतोड़ महंगाई और बिगड़ती कानून व्यवस्था।
  • प्रदेश में सक्रिय भूमि, शराब और खनन माफिया का मुद्दा।

'सचिवालय में बैठे हैं असली गुनहगार'

मीडिया से बात करते हुए गणेश गोदियाल ने सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि हरिड्वार भूमि घोटाले में केवल कुछ छोटे अधिकारियों को 'बलि का बकरा' बनाया गया है, जबकि इसके वास्तविक जिम्मेदार लोग सचिवालय के ऊंचे पदों पर बैठे हैं।

उन्होंने मांग की कि यदि सरकार वाकई निष्पक्ष है, तो इस मामले में बैठे बड़े चेहरों पर कड़ी कार्रवाई करे।

इसके साथ ही उन्होंने संकेत दिए कि कांग्रेस जल्द ही अपनी नई प्रदेश कार्यकारिणी की घोषणा करने जा रही है।

यह भी पढ़ें- उत्तराखंड के पूर्व सीएम हरीश रावत की तबीयत खराब, अस्पताल में भर्ती

यह भी पढ़ें- पूर्व सीएम हरीश रावत का दावा: उत्तराखंड में जनता बदलाव को तैयार, 2027 में कांग्रेस की वापसी तय