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14 वर्षों का इंतजार समाप्त: देहरादून के अलसी गांव के नवनिर्मित मंदिर में विराजमान हुए महेश्वर देवता, उमड़े लोग

Published: Tue, 30 Jun 2026 04:49 PM (IST)

देहरादून के अलसी गांव में 14 वर्षों के लंबे इंतजार के बाद महेश्वर देवता को नवनिर्मित मंदिर में स्थापित किया गया। इस अवसर पर विशाल जागड़े का आयोजन हुआ।

लंबी प्रतीक्षा के बाद अलसी गांव में देवता के विराजने पर गूंजा जयकारा।

लंबी प्रतीक्षा के बाद अलसी गांव में देवता के विराजने पर गूंजा जयकारा।

HighLights

  1. 14 वर्षों के इंतजार के बाद महेश्वर देवता मंदिर में विराजमान

  2. देहरादून के अलसी गांव में नवनिर्मित मंदिर में स्थापना

  3. विशाल जागड़े का आयोजन, सैकड़ों श्रद्धालुओं ने किए दर्शन

संवाद सूत्र, साहिया (देहरादून)। कालसी ब्लाक क्षेत्र के अलसी गांव में बने नये मंदिर में सोमवार को महेश्वर देवता विराजमान हुए।

14 वर्षों की प्रतीक्षा के बाद गांव के आराध्य देव महेश्वर महाराज को विधिवत उनके नवनिर्मित मंदिर में स्थापित किया गया। इस अवसर पर महेश्वर महाराज के जयकारों से पूरा क्षेत्र गुंजायमान हो उठा।

धार्मिक अनुष्ठान 28 जून को हरिद्वार में शाही स्नान के साथ प्रारंभ हुआ था। इसके बाद 29 जून को यमुना घाट हरिपुर में पवित्र स्नान संपन्न हुआ।

Married and unmarried daughters

शाही स्नान के उपरांत देव चिह्नों को साहिया लाया गया, जहां श्रद्धालुओं ने दर्शन किए। इसके बाद देव चिह्नों ने अलसी के लिए प्रस्थान किया। दोपहर बाद जैसे ही देव चिह्न गांव पहुंचे, ग्रामीणों ने भावपूर्ण स्वागत किया।

अलसी पहुंचने पर नवनिर्मित मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना के साथ महेश्वर महाराज को विराजमान किया गया। इस पावन अवसर पर विशाल जागड़े का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने देव दर्शन किए और सुख-समृद्धि की कामना की।

Dancing women

आयोजन में अलसी गांव की बेटियों का विशेष योगदान रहा, जिन्होंने महेश्वर महाराज को चांदी का धूनियार अर्पित किया।

कार्यक्रम में कुल पुरोहित बारू दत्त शर्मा, देव पुजारी दिनेश सिंह बिष्ट, स्याणा टिकम सिंह बिष्ट, वजीर कुन्दन सिंह बिष्ट, भंडारी राजेन्द्र बिष्ट, देव माली जयपाल सिंह बिष्ट, रूप राम बिष्ट, जनक सिंह बिष्ट, महावीर बिष्ट, खुशीराम बिष्ट, प्रवीण बिष्ट, अनिल बिष्ट, हुकम सिंह बिष्ट, किशन सिंह और परम सिंह बिष्ट आदि मौजूद रहे।

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