संवाद सहयोगी, चम्पावत : चार दिन से रुक-रुक कर हो रही बारिश और सोमवार सुबह हुई ओलावृष्टि से जिले के पर्वतीय इलाकों में कड़ाके की ठंड शुरू हो गई है। नालियां चोक होने से सोमवार को एनएच सहित कई ग्रामीण सड़कों पर पानी भर गया। मलबा गिरने से ग्रामीण क्षेत्रों को जोड़ने वाली तीन सड़कें बंद हो गई हैं। पारा लगातार गिरने से ऊंचाई वाले इलाकों में हिमपात की संभावना बनी है।

रविवार की रात 12 बजे से गरज चमक के साथ शुरू हुई बारिश का सिलसिला सोमवार को भी जारी रहा। सुबह कई स्थानों पर ओलावृष्टि हुई, जिससे तापमान लुढ़क गया। सोमवार को दिन के समय न्यूनतम तापमान एक डिग्री व अधिकतम छह डिग्री रहा। पारा लगातार गिरने से ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना पैदा हो गई है। ठंड के कारण बाजारों में काफी कम लोग पहुंचे, जिससे सन्नाटा रहा। लोगों ने अलाव, अंगीठी व हीटर जलाकर ठंड से निजात पाई। इधर, टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर चम्पावत के पास मादली, खटकना पुल, लोहाघाट के समीप अक्कल धारे के पास सड़क पानी से भर गई। इससे वाहनों के संचालन में परेशानी का सामना करना पड़ा। मलबा और बोल्डर गिरने से लोहाघाट-बाराकोट, छिनकाछीना-थुवामौनी और पटनगांव-कजीना रोड पर वाहनों का आवागमन बंद हो गया है। टनकपुर में भी रविवार रात बारिश हुई। सोमवार को यहां सुबह के समय कोहरा छाने के बाद दोपहर में निकली हल्की धूप से लोगों को राहत मिली। चम्पावत में पिछले दो दिन में 29 एमएम, लोहाघाट में 25 एमएम, पाटी में 24 एमएम और बनबसा में 25 एमएम बारिश हुई है। समाचार लिखे जाने तक बारिश का सिलसिला जारी था। सोमवार को जिले में हुई बारिश के आंकड़े

चम्पावत- 10 एमएम

लोहाघाट- 10 एमएम

पाटी- 15 एमएम

बनबसा- 5 एमएम

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घाटी वाले क्षेत्रों में छाया रहा कोहरा संस, लोहाघाट : घाटी वाले क्षेत्रों में दिनभर कोहरा छाया रहा, जिससे ठंड और अधिक बढ़ गई। ठंड से बचने के लिए दुकानों में भी लोग हीटर, व अंगीठी के पास दुबके रहे। अन्य दिनों की अपेक्षा नगर में भीड़भाड़ भी कम रही। लगातार हो रही बारिश से पशु पालकों को खासी दिक्कतों का समाना करना पड़ रहा है। इधर सुबह के समय कोहरा लगने से बाराकोट मोटर मार्ग में वाहन चालकों को वाहनों में लाइट जलाकर आवाजाही करनी पड़ी। राजकीय पालीटेक्निक में छात्र छात्राओं ने ठंड के बीच ही सेमेस्टर की परीक्षा दी।

Edited By: Jagran