संवाद सहयोगी, चम्पावत : जिले में मौजूद स्टेट हाईवों की स्थिति भी बेहतर नहीं है। 140 किमी लंबे खुटानी-पतलोट-रीठासाहिब-खेतीखान-मंच-तामली में कई जगह मलबा और भूस्खलन होने से सड़क संकरी हो गई है तो कहीं डामर उखड़ने से सड़क गड्ढ़ों में तब्दील हो गई है। यही हाल 165 किमी लंबे काठगोदाम-खुटानी-देवीधुरा-खेतीखान-लोहाघाट-पंचेश्वर तथा 38 किमी लंबे लोहाघाट-बाराकोट-सिलमखेत स्टेट हाईवे का भी हैं। इन सड़क की बदहाली के कारण कई जानलेवा दुर्घटनाएं भी हो चुकी हैं। मानसून के दौरान मलबा आने से स्टेट हाईवे बंद होना भी आम बात हो गई है।

रीठासाहिब-खेतीखान और मंच-तामली के बीच 10 से 12 किमी तक रोड का डामर पूरी तरह उखड़ गया है। नालियां चोक होने से पानी की निकासी न होने के कारण भी रोड लगातार कट रही है। हालांकि इस रोड पर वाहनों की आवाजाही सुचारू है, लेकिन दुर्घटना का खतरा बराबर बना हुआ है। देखरेख के अभाव में कई कलमठ बंद हो चुके हैं, जिससे बारिश का पानी सड़क से होते हुए गांवों में घुस रहा है। इस मार्ग पर खुटानी और पतलोट के बीच भी सड़क देखरेख के अभाव में कई स्थानों पर खराब हो चुकी है। लोनिवि प्रांतीय खंड चम्पावत के ईई एमसी पांडेय ने बताया कि स्टेट हाईवे में बारिश के चलते हुए नुकसान का आकलन कर लिया गया है। जहां रोड खराब हो गई है वहां हॉटमिक्स का कार्य किया जाएगा। बारिश के दौरान बंद कलमठों को खोलने के साथ चोक नालियों को नए सिरे से बनाने का काम चल रहा है। काठगोदाम से लेकर पंचेश्वर तक स्टेट हाईवे पर बारिश के दौरान आया मलबा अभी भी पूरी तरह साफ नहीं हो पाया है। लोहाघाट से देवीधुरा तक जगह-जगह सड़क में पड़े गड्ढों के कारण यात्री हिचकोले खाते हुए यात्रा करने को मजबूर हैं। बरसात से पूर्व पाटी से कुछ आगे किया गया डामर उखड़ गया है। इस स्टेट मार्ग का उपयोग एनएच बंद होने पर वैकल्पिक मार्ग के रूप में भी किया जाता है। नरेश राम, प्रकाश चंद्र, हयात सिंह, दिनेश चंद्र आदि वाहन चालकों ने बताया कि देवीधुरा से आगे भी कई जगह मार्ग बेहद खराब है। लोहाघाट-बाराकोट-सिमलखेत मार्ग तो जानलेवा बना हुआ है। बर्दाखान से आगे भूस्खलन से सड़क कई जगह टूट गई है। ======== खुटानी से मंच-तामली स्टेट हाईवे पर वाहनों का संचालन सुचारू रूप से हो रहा है। इस बरसात में कई जगह भूस्खलन होने और मलबा आने से मार्ग खराब हो गया है। जिन स्थानों पर डामर उखड़ा है वहां बारिश का सीजन समाप्त होने के बाद हॉटमिक्स किया जाएगा। बंद बड़े कलमठ और नालियों को खोलने का काम लगातार चल रहा है।

-एमसी पांडेय, ईई, लोनिवि, चम्पावत

Edited By: Jagran