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सीएम धामी ने शारदा तटबंध कार्य का किया शुभारंभ, कहा- 'कांग्रेस ने 50 साल जेब भरी और सत्ता की मलाई चाटी'

By BrijeshEdited By: Nirmala Bohra
Published: Sun, 05 Jul 2026 12:42 PM (IST)

मुख्यमंत्री धामी ने चंपावत में 60 करोड़ की लागत से शारदा तटबंध कार्य का शुभारंभ किया और कांग्रेस पर 50 साल तक सत्ता का दुरुपयोग करने का आरोप लगाया।

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जागरण संवाददाता, चंपावत। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि चंपावत व टनकपुर का विकास जो हो रहा है कुछ लोगों की नींद उड़ चुकी है। ये वहीं लोग हैं जो 50 वर्ष तक सत्ता की मलाई चाटी है। विकास के नाम पर जेब भरने का काम किया है। जनता को वोट बैंक और चुनाव आते ही वादों की पोटली लेकर आ जाते हैं। फिर पांच वर्ष एसी रूम में सो जाते हैं।

जनता के पैसों का विकास कार्य में नहीं बल्कि वह पैसा इनके चहेतों की जेब में चला जाता था। अब पीएम मोदी की सरकार में जनता के टैक्स का एक एक पैसा विकास में लग रहा है। प्रमाण है कि नियत साफ हो तो विकास के काम धरातल पर उतरते हैं।

बूम रेंज में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि मैं आप सब के बीच मुख्यमंत्री बनकर ् नहीं बल्कि परिवार के सदस्य बनकर आता हूं। क्योंकि आपका प्यार, लगाव और विश्वास मेरी सबसे बड़ी ताकत हैं। जो देवभूमि में दिन रात काम करने की शक्ति देता है। टनकपुर चंपावत जनपद का प्रवेश द्वार नहीं बल्कि धार्मिक स्थल भी है।

शारदा नदी में सदियों से इस माटी को समृद्ध करने का काम किया है। लाखों परिवारों के जीवन का आधार मां शारदा है। यहां खेती करना चुनौती हो जाएगा। जहां जल है वहीं जीवन और समृद्धि है। इन सब में जग मां शारदा रौद्र रूप में आती है तो भू कटाव आदि समस्याएं होती है।

खुशी की बात है कि इन समस्याओं का समाधान के लिए 60 करोड़ की लागत से तटबंध का कार्य का शुभारंभ किया है। कहा कि शारदा तटबंध सिर्फ सीमेंट रेता का ढांचा नहीं बल्कि यहां के लोगों के जीवन के खुशहाल होने का आधार बनेगा। चंपावत सिर्फ कर्मभूमि नहीं मेरा परिवार भी है। जिस प्रकार एक बेटा अपने घर को संवारने का काम करता है वैसे मैं भी चंपावत को आदर्श चंपावत बनाने का कार्य कर रहे हैं।

आदर्श चंपावत बनाना है

टनकपुर में 122 करोड़ की लागत से पेयजल के लिए, 237 करेाड़ की लागत से आईएसबीटी, जौलजीबी मार्ग करीब 50 करोड़ की लागत से, पूर्णागिरि में रोपवे, राजकीय पालीटेक्निक, राजस्व भवन, नेपाल सीमा पर 177 करोड़ की लागत से ड्राई पोर्ट, चंपावत में साइंस सेंटर, 430 कराड़ की लागत से गोल्ज्यू कारिडोर बनेगा। कहा कि राष्ट्रीय खेलों के आयोजन में शारदा नदी में रात के समय पहली बार राफ्टिंग हुआ। इसके चलते काफी पर्यटक यहां बढ़ रहे हैं। विकास कार्याें की सूची बहुत लबी है, लेकिन अनेक योजनाएं पूरी हो रही है और कई पूरी हो चुकी है।

अभी और योजनाएं आनी है। कहा कि चंपावत को आदर्श जिला बनाने का वचन जल्द पूरा होगा। विकास के साथ ही सांस्कृतिक मूल्यों केा बनाए रखने के लिए कई कड़े निर्णय लिए गए हैं। कोई यहां गलत काम नहीं कर सकता है। भावी पीढ़ी को असुरक्षित नहीं कर सकता है। इसीलिए धर्मांतरण कानून, लैंड जिहाद, यूसीसी आदि लागू कर इतिहास बनाया है। इसकी गूंज देश के साथ ही विदेशों में भी चर्चा हो रही है। युवाओं का भविष्य सुरक्षित करने के लिए कठोर नगल विरोधी कानून बनाया है।

कांग्रेस काल में नौकरी इमानदारी से नहीं नौकरी बिकती थी। पर्चे लीक और नगल होते थे। कड़े कानून का परिणाम है कि साढ़े चार वर्ष में 24 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी मिल चुकी है। भ्रष्टाचार पर हमारी सरकार बात नहीं बल्कि सीधा प्रहार करती है। हरिद्वार जमीन घोटाले में शामिल आइएएस को बर्खास्त करने का काम किया है। कोई भी लिप्त होगा सबपर कार्रवाई होगी। कहा कि हम यह भी साफ करते हैं कि देवभूमि में पुराना ढर्रा नहीं चलेगा।

अवैध संपत्तियों पर बुल्डोजर चलाने का काम हमने किया है। हमारी कार्रवाई, आगे भी जारी रहेगी। उत्तराखंड को पूरी तरह से स्वच्छ बनाने तक शांत नहीं बैठेंगे। जन जन की सरकार कार्यक्रम शुरू हो चुका है, लेकिन कोई रिकार्ड बनाने के लिए नहीं किया है। उत्तराखंड को देश का सबसे विकसित राज्य बनाना है।

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