संवाद सहयोगी, गोपेश्वर: मुख्य अतिथि अपर जिलाधिकारी चमोली हेमंत वर्मा ने तीलू रौतेली पुरस्कार से सम्मानित कलम क्रांति मंच की अध्यक्ष और प्रसिद्ध कवयित्री शशि देवली के पांचवें काव्य संग्रह 'यादों की दस्तक' का सोमवार को एक समारोह में विमोचन किया। इस मौके पर वर्मा ने कहा कि साहित्य समाज का न सिर्फ आईना होता है बल्कि समाज की सच्चाइयां पेश करता है।

कार्यक्रम की मुख्य वक्ता हिदी साहित्य भारती की प्रदेश महामंत्री एवं श्रीनगर की प्रसिद्ध कवयित्री डॉ. कविता भट्ट 'शैलपुत्री' ने कहा कि साहित्य सृजन समाज की सबसे बड़ी सेवा है और यह लेखक को प्रतिकूल परिस्थितियों में भी खड़ा होने का संबल देती है।

विशिष्ट अतिथि नर्सिंग कॉलेज गोपेश्वर की प्रधानाचार्य डा. ममता कप्रवाण ने कहा कि आधुनिक समाज के संपूर्ण विकास के लिए न सिर्फ वैज्ञानिक चेतना का विकास होना चाहिए, बल्कि साहित्यिक संवेदनशीलता की भी आवश्यकता है। कार्यक्रम अध्यक्ष मंगला कोठियाल ने कहा कि समाज की सच्ची सेवा के लिए लेखक की छवि भी बेदाग होनी जरूरी है, तभी समाज में साहित्य को लिखने-पढ़ने का विश्वास बना रहेगा। पुस्तक की लेखिका शशि देवली ने कहा कि उन्होंने अपने जीवन के खट्टे मीठे अनुभवों को शब्दों में पिरोकर इसे पुस्तक के रूप में प्रस्तुत किया है। उनके इस काव्य संग्रह में कुल 98 कविताएं हैं, जो जीवन के विभिन्न पहलुओं को उजागर करती हैं। कार्यक्रम में गूगल गर्ल ख्याति सेमवाल को फिल्म क्रांति मंच एवं एक्सिस बैंक की तरफ से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में मंच की रचनाकारों ने विभिन्न रचनाओं के माध्यम से दर्शकों का मनमोहा।

इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि बंड विकास संगठन के अध्यक्ष शंभू प्रसाद सती, अतुल शाह, आर आर सिंह, सादर कैंतुरा, कलम क्रांति मंच के संरक्षक भगत सिंह राणा, हिमांशु थपलियाल, राकेश देवली, सुभाष भट्ट महेंद्र रावत, अक्षत नाट्य संस्था के विजय वशिष्ठ, जगनमोहन चोपता, मोहित कोठियाल, सुनीता सेमवाल, सुशीला सेमवाल, किरण पुरोहित, विमल राणा, लक्ष्मण राणा, कृतिका, पूजा, प्रेरणा आदि उपस्थित रहे। संचालन कलम क्रांति मंच के सचिव प्रो. दर्शन सिंह नेगी ने किया।

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