बागेश्वर छात्रसंघ चुनाव सरगर्मी के बीच छात्रों में मारपीट, एनएसयूआई कार्यकर्ता घायल
बागेश्वर के पंडित बद्रीदत्त पांडे परिसर में छात्र गुटों के बीच झड़प हो गई, जिसमें एनएसयूआई कार्यकर्ता प्रेम दानू घायल ...और पढ़ें
HighLights
बागेश्वर परिसर में छात्र गुटों के बीच हुई हिंसक झड़प।
एनएसयूआई कार्यकर्ता प्रेम दानू सिर में चोट लगने से घायल।
घायल छात्र ने कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की।
जागरण संवाददाता, बागेश्वर। छात्रसंघ चुनाव की सरगर्मियों के बीच शुक्रवार को पंडित बद्रीदत्त पांडे परिसर में छात्र गुटों के बीच विवाद हो गया। प्रचार के दौरान शुरू हुई कहासुनी देखते ही देखते धक्का-मुक्की और मारपीट में बदल गई।
इसमें बीए पांचवें सेमेस्टर के छात्र एवं एनएसयूआइ कार्यकर्ता प्रेम दानू घायल हो गए। उनके सिर में चोट आई और जिला अस्पताल में उपचार के दौरान टांके लगाए गए। घटना के बाद परिसर में तनाव की स्थिति बन गई।
घायल छात्र प्रेम दानू ने कोतवाली में तहरीर देकर छह युवकों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की है। तहरीर में उन्होंने आरोप लगाया कि 18 सितंबर को महाविद्यालय परिसर में कुछ छात्रों ने पूर्व नियोजित तरीके से उन पर हमला किया।
आरोप है कि धारदार हथियार से सिर पर वार किया गया तथा छाती पर लात-घूंसों से हमला किया गया, जिससे वह मौके पर बेहोश हो गए। साथियों ने उन्हें जिला अस्पताल पहुंचाया।
प्रेम दानू ने तहरीर में यह भी आरोप लगाया कि वर्ष 2025 में आरे बाईपास पुल के समीप भी इन्हीं युवकों ने उनके साथ मारपीट की थी, लेकिन उस मामले में कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने हमले के बाद धमकी मिलने और खुद को असुरक्षित महसूस करने की बात कहते हुए पुलिस से मुकदमा दर्ज कर सुरक्षा की मांग की है।
दो घंटे कोतवाली में धरना, कार्रवाई न होने पर हंगामा
घटना के बाद कांग्रेस और एनएसयूआइ कार्यकर्ता घायल छात्र के साथ कोतवाली पहुंचे। यहां करीब दो घंटे तक धरना देकर मारपीट करने वाले छात्रों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की गई। पुलिस की ओर से मामले में जांच का हवाला दिए जाने पर कार्यकर्ताओं में आक्रोश बढ़ गया।
उन्होंने कोतवाली में जमकर हंगामा किया और पुलिस कर्मियों को चेतावनी देते हुए चावल देने लगे। कार्यकर्ताओं ने कहा कि पहले भी छात्र के साथ मारपीट की शिकायत हुई थी, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई।
उन्होंने काल भैरव में चावल डालने की चेतावनी भी दी। इसके बाद घायल छात्र कोतवाली में ही धरने पर बैठा रहा, जबकि कांग्रेस और एनएसयूआइ कार्यकर्ता वहां से चले गए। कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि तहरीर देने के बावजूद तत्काल मुकदमा दर्ज नहीं किया जा रहा है।
छात्रसंघ चुनाव की अधिसूचना अभी जारी नहीं हुई है, लेकिन परिसर में छात्र संगठनों की चुनावी गतिविधियां तेज हो गई हैं। चुनावी सरगर्मी के बीच हुई मारपीट की घटना ने परिसर की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।
कैंपस निदेशक डा. कमल किशोर ने कहा कि छात्रों को किसी भी स्थिति में लड़ाई-झगड़ा नहीं करने दिया जाएगा तथा बाहरी तत्वों के प्रवेश पर कार्रवाई की जाएगी।
घटना के बाद पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण, पूर्व जिलाध्यक्ष भगत डसीला, बसंत कुमार, बालकृष्ण, राजेंद्र परिहार, रमेश हरड़िया, नीरज जोशी समेत अन्य कार्यकर्ता भी कोतवाली पहुंचे। इधर, घटना की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों से जानकारी जुटाई।
पुलिस उपाधीक्षक अजय साह ने कहा कि मामले की जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
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