संवाद सहयोगी, अल्मोड़ा : पिछले कई दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे आल्पस के कर्मचारियों के सब्र का बांध गुरुवार को टूट गया। कर्मचारियों ने प्रदेश सरकार और अफसरों के खिलाफ जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया और अपनी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई करने की मांग भी की।

पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आल्पस के कर्मचारी गुरुवार को गांधी पार्क में एकत्र हुए। गांधी पार्क से कर्मचारी नारेबाजी करते हुए माल रोड, मिलन चौक, लाला बाजार, चौक बाजार, कारखाना बाजार, कचहरी बाजार, गंगोला मोहल्ला, थाना बाजार, पलटन बाजार होते हुए वापस गांधी पार्क पहुंचे। आल्पस के कर्मचारियों ने इस दौरान सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन के बाद चौघानपाटा में आयोजित सभा को वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश सरकार को आम आदमी से कोई लेना देना नहीं रह गया है। कर्मचारियों ने कहा कि उन्हें पिछले पांच महीने को वेतन नहीं दिया गया है। जिस कारण उनके सामने अपने परिवार के पालन पोषण की समस्या पैदा हो गई है, लेकिन लंबी मांग के बाद भी सरकार और प्रशासन फैक्ट्री संचालकों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है। कर्मचारियों ने कहा कि वह सरकार की इस मनमर्जी को किसी कीमत में बर्दाश्त नहीं करेंगे। कर्मचारियों के जुलूस और प्रदर्शन को उपपा, आर्यन छात्र संगठन, व्यापार संघ समेत अनेक संगठनों के लोगों ने अपना समर्थन भी दिया। इधर अपनी मांग को लेकर कर्मचारी भूपेंद्र प्रसाद और प्रकाश लाल का आमरण अनशन गुरुवार को भी जारी रहा। प्रदर्शन कार्यक्रम में राजेंद्र, पूजा, कविता, रेखा, रीना पंवार, शंकर सिंह, ममता, पूरन भंडारी, महेंद्र, प्रेमपाल, कुंदन, लेखा, गीता, शीला, देवकीनंदन, प्रकाश उनियाल, राजू गिरि, गोपाल राम, कमल कोरंगा, अंबी राम, दीपक मेहता, जन्मेजय तिवारी, भैरव गोस्वामी, त्रिलोचन जोशी, मनोज पंवार, हर्ष कनवाल समेत अनेक लोग मौजूद रहे।

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