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उत्तराखंड की बाल मिठाई दिखने में चॉकलेट जैसी, लेकिन स्वाद और कहानी दोनों हैं अनोखे

Published: Sat, 26 Sep 2026 03:23 PM (IST)Updated: Sat, 26 Sep 2026 03:29 PM (IST)

Bal Mithai Uttarakhand: उत्तराखंड की प्रसिद्ध बाल मिठाई भुने हुए खोये और चीनी से बनी एक अनोखी मिठाई है, जो ...और पढ़ें

Bal Mithai:

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निर्मला बाेहरा, उत्तराखंड। Bal Mithai Uttarakhand: उत्तराखंड की प्रसिद्ध बाल मिठाई सिर्फ एक पकवान नहीं है, बल्कि यह उत्तराखंड की पांरपरिक संस्कृति का हिस्सा है। चाहे शादी हो या कोई भी त्योहार हर खुशी इस बाल मिठाई के बिना अधूरी है।

चॉकलेट जैसे रंग के भुने हुए खोये और चीनी से बनती है, जिसके ऊपर छोटे-छोटे सफेद चीनी के दाने सजे होते हैं। अब उत्तराखंड में कई जगहों में बाल मिठाई बनने लगी है।

यह दिखने में चॉकलेट फज जैसी लगती है, लेकिन इसमें किसी भी तरह के कोको या चॉकलेट का इस्तेमाल नहीं होता। यह भी कहा जाता है कि अल्मोड़ा क्षेत्र में बाल मिठाई सातवीं या आठवीं सदी में नेपाल से आई थी। आइए जानते हैं इसका इतिहास।

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क्या है बाल मिठाई का इतिहास?

150 साल से भी अधिक समय से बनने वाली बाल मिठाई के दीवाने अंग्रेज से लेकर पीएम मोदी तक हैं।ब्रिटिश राज में अंग्रेज गर्मियों में छुट्टी मनाने आते थे तो इसका स्वाद जरूर लेते थे। 

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कहा जाता है कि 1865 के आस-पास अल्मोड़ा के लाला बाजार में सबसे पहले बाल मिठाई ईजाद हुई थी। इसका श्रेय जोगा साह को जाता है। ऐसा कहा जाता है कि 1865 में उनके पूर्वजों ने बाल मिठाई का आविष्कार किया था।

बाल मिठाई का नेपाल कनेक्शन

यह भी कहा जाता है कि बाल मिठाई नेपाल से उत्तराखंड पहुंची और फिर इसे अल्मोड़ा में बनाया गया। राज शेखर पंत के लेख में इस बारे में लिखा था। हालांकि बाल मिठाई का नेपाल से आने वाली बात का अब तक कोई ठोस जानकारी नहीं है। 

कैसे बनती है बाल मिठाई?

  • दूध से खोया बनाया जाता है।
  • खोए को तब तक घोंटते हैं, जब तक वह कत्थई रंग का न हो जाए।
  • इसके बाद उसमें बालदाना चिपका दिया जाता है। 

स्वाद और सेहत का खजाना

बाल मिठाई शुद्ध दूध से बनती है, इसलिए यह सेहत के लिए भी फायदेमंद होती है। इसमें कैल्शियम, प्रोटीन और ऊर्जा भरपूर पाई जाती है। गर्मी के सीजन में बाल मिठाई 15-20 दिन और सर्दी में 25-30 दिन आराम से चलती है। इसे फ्रिज में स्टोर करने की जरूरत नहीं है।

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महात्मा गांधी से लेकर पीएम मोदी तक को गिफ्ट की गई बाल मिठाई

जब राष्ट्रपिता महात्मा गांधी अल्मोड़ा आए थे, तब उन्हें बाल मिठाई भेंट की गई थी। अपने दिल्ली दौरे के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी कई बार प्रधानमंत्री मोदी को बाल मिठाई भेंट कर चुके हैं। थॉमस कप जीतने के बाद अंतरराष्ट्रीय बैडमिंटन खिलाड़ी लक्ष्य सेन ने भी पीएम मोदी से मिलकर उन्हें बाल मिठाई भेंट की थी।