सोशल मीडिया पर UN में सांसद प्रिया सरोज का वीडियो वायरल, अपराधियों के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' की मांग
संयुक्त राष्ट्र में सांसद प्रिया सरोज का अधिकारियों के आपराधिक आचरण पर बेबाक बयान वाला वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी ...और पढ़ें
HighLights
सांसद प्रिया सरोज का UN में वीडियो वायरल।
UN अधिकारियों के आपराधिक आचरण पर बेबाक बयान।
भारत की 'शून्य सहनशीलता' नीति पर जोर।
जागरण संवाददाता, (बाबतपुर) वाराणसी। संयुक्त राष्ट्र के मंच से भारत का कड़ा और स्पष्ट संदेश देने वाला युवा सांसद प्रिया सरोज का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। उन्होंने वीडियो को अपनी प्रोफाइल से भी साझा किया है।
न्यूयॉर्क स्थित संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के 81वें सत्र की छठी समिति के दौरान मछलीशहर (उत्तर प्रदेश) की समाजवादी पार्टी की सांसद प्रिया सरोज ने भारत का राष्ट्रीय बयान (National Statement) जारी किया था, जिसका यह वीडियो अब इंटरनेट पर चर्चा का केंद्र बना हुआ है। उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्रोफाइल पर भी साझा किया है।
सोशल मीडिया पर क्यों हो रही है चर्चा?
वायरल हो रहे इस वीडियो में सांसद प्रिया सरोज संयुक्त राष्ट्र के अधिकारियों और मिशन के विशेषज्ञों के आपराधिक आचरण पर बेहद बेबाकी और कड़े शब्दों में बात करती नजर आ रही हैं। वैश्विक मंच पर भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए उनका यह मुखर अंदाज लोगों को काफी पसंद आ रहा है और सोशल मीडिया पर इसकी जमकर तारीफ हो रही है।
जवाबदेही और अंतरराष्ट्रीय साख पर जोर
वीडियो में देखे जा रहे भाषण के अनुसार, सांसद ने जोर देकर कहा कि संयुक्त राष्ट्र की अखंडता और विश्वसनीयता इस बात पर निर्भर करती है कि उसके अधिकारी किस प्रकार का आचरण करते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि आपराधिक मामलों की जांच और उन पर मुकदमा चलाने की प्राथमिक जिम्मेदारी उसी देश की बनती है जिसके अधिकार क्षेत्र के तहत मामला आता है।
घरेलू कानूनी ढांचे और 'शून्य सहनशीलता' का जिक्र
अपने संबोधन में उन्होंने भारत के मजबूत कानूनी ढांचे का हवाला देते हुए बताया कि विदेशों में भारतीय नागरिकों द्वारा किए जाने वाले अपराधों से निपटने के लिए देश के कानून सक्षम हैं, जिसके तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) जैसे प्रावधानों का उपयोग किया जाता है।
इसके साथ ही, उन्होंने संयुक्त राष्ट्र कर्मियों के कदाचार के प्रति भारत की 'शून्य सहनशीलता' (Zero Tolerance) की नीति को दोहराते हुए जवाबदेही ढांचे को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए रचनात्मक सहयोग की प्रतिबद्धता जताई। इंटरनेट पर वायरल हो रहे इस वीडियो ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत के कूटनीतिक रुख और देश की युवा नेतृत्व क्षमता का एक मजबूत उदाहरण पेश किया है।
