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श्रेया हत्या प्रकरण : मां के थम नहीं रहे आंसू, हत्यारोपित विवेक के मामा पर साजिश का आरोप

By Rakesh Srivastava Edited By: Abhishek sharma
Published: Sun, 23 Aug 2026 12:08 PM (GMT+05:30)

श्रेया उपाध्याय हत्याकांड में मां के आंसू थम नहीं रहे हैं, उन्होंने विवेक चौबे के मामा पर साजिश रचने और ...और पढ़ें

श्रेया हत्याकांड: मां ने विवेक के मामा पर लगाया साजिश का गंभीर आरोप, पुलिस पर भी उठे सवाल।

श्रेया हत्याकांड: मां ने विवेक के मामा पर लगाया साजिश का गंभीर आरोप, पुलिस पर भी उठे सवाल।

HighLights

  1. मां ने विवेक के मामा पर हत्या की साजिश का आरोप लगाया।

  2. आरोपी विवेक का सुराग झारखंड में मिला, पुलिस कर रही तलाश।

  3. पुलिस की धीमी कार्रवाई पर परिजनों और जनता ने उठाए सवाल।

जागरण संवाददाता, (रोहनिया) वाराणसी। मरूई राजातालाब की छात्रा श्रेया उपाध्याय का अंतिम संस्कार हुए तीन दिन बीत गए। इसके बावजूद मां रीतू उपाध्याय के आंसू सूख नहीं रहे। सूखे भी तो कैसे इकलौती लाडली के लिए परिवार ने ढेरों सपने देखे थे। इसलिए मां रीतू व पिता सुनील उपाध्याय ने बिटिया के लिए रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) के विज्ञानी को दामाद के रूप में चुना था, लेकिन परिवार की खुशियों को नजर लग गई।

बिलखती हुई मां ने कहा कि उनकी साढ़े सात करोड़ की संपत्ति पर ही चोलापुर के नियारडीह निवासी विवेक चौबे की थी। उसके शादी के प्रस्ताव को जब हमने खारिज कर दिया तो उसने मेरी बेटी को मार डालने की साजिश रची, जिसमें उसके मामा और उनके परिवार का हाथ है। वे लोग चाहते तो उनकी बिटिया की जान बच जाती। ऐसा न करके उनलोगों ने हत्या के बाद विवेक को भागने में मददगार बने।

विवेक का झारखंड में मिला सुराग, पुलिस ने डेरा डाला
हत्यारोपित विवेक का सुराग पुलिस को झारखंड में मिला है। यद्यपि कि उसका मोबाइल वारदात के बाद से ही बंद है। इसके बावजूद पुलिस उसके मोबाइल से पूर्व में जिससे भी संपर्क हुआ है, पुलिस उस तक पहुंच रही। नृशंस हत्या के तीसरे दिन तक आरोपित की गिरफ्तारी न होने से पुलिस की भी किरकिरी हो रही है।

राजातालाब पुलिस की नाकामी पर सवाल
मृतका के मां-पिता और रिश्तेदार राजातालाब पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठा रहे हैं। उनका आरोप है कि सूचना के बाद भी पुलिस ने तत्काल एक्शन नहीं लिया। लोकेशन मिलने के बाद भी बार-बार पुलिस का मौके से लौट आना कई सवाल खड़े कर रहा है। पीड़ित परिवार का कहना है कि आरोपित के पिता को उठाने के बाद शव का अंतिम संस्कार भी पूरा नहीं हुआ और उसे छोड़ दिया गया।

सांत्वना देने पहुंच रहे लोग, आरोपित के एनकाउंटर की मांग
दिवंगत श्रेया के मरुई गांव स्थित घर पर शनिवार को तीसरे दिन भी सांत्वना देने वालों की भीड़ उमड़ी थी। परिजन की सभी से हर आने वाले से एक ही गुहार है कि उन्हें न्याय मिले। परिवार का कहना है कि बेटी को धोखे से अगवा कर उसकी हत्या की गई है। आराजी लाइन के ब्लाक प्रमुख नगीना पटेल के प्रतिनिधि व अपना दल के वरिष्ठ नेता डा. महेंद्र सिंह पटेल, भाजपा किसान मोर्चा के जिला मंत्री पंकज सिंह पटेल, पूर्व मंडल अध्यक्ष मिट्ठू राम प्रजापति और ग्राम प्रधान बबलू सिंह आदि पहुंचे थे।

पुलिस अफसरों ने साधी चुप्पी
श्रेया की हत्या के बाद से कमिश्नरेट पुलिस ने मीडिया से दूरी बना ली है। डीसीपी, एडीसीपी, एसीपी का फाेन न उठना बड़ा सवाल है।सरकार ने सीयूजी नंबर उपलब्ध कराया है। कई बार मुख्यमंत्री तक अफसरों को सीयूजी नंबर उठाने के लिए टोक चुके हैं। कमिश्नरेट की बात करें तो गिनती के बड़े अधिकारियों की बात छोड़ दें बहुतेरे फोन रिसीव नहीं कर रहे हैं।