वाराणसी में 360 व्यावसायिक संस्थान अग्नि सुरक्षा नियमों की अनदेखी कर रहे हैं, दमकल विभाग की चेतावनी
वाराणसी में रवि पंखा फैक्ट्री अग्निकांड के बाद दमकल विभाग ने 400 व्यावसायिक संस्थानों को नोटिस जारी किए, जिनमें से ...और पढ़ें
HighLights
रवि पंखा अग्निकांड के बाद दमकल विभाग की सख्ती।
360 व्यावसायिक संस्थानों ने नहीं ली अग्नि सुरक्षा एनओसी।
फायर सिक्योरिटी अधिकारियों की नियुक्ति से सुरक्षा में सुधार।
जागरण संवाददाता, वाराणसी। आग लगने की गंभीर घटनाएं भी व्यवसायियों को नियमों का पालन करने से नहीं रोक पा रही हैं। दमकल विभाग ने लगभग 400 व्यवसायिक संस्थानों को नोटिस जारी कर नियमों के पालन के लिए चेतावनी दी। जब विभाग ने रिमाइंडर भेजकर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी, तब 40 संस्थानों ने संज्ञान लिया और आग से बचाव के नियमों का पालन करते हुए एनओसी प्राप्त की।
नियमों की अनदेखी करने वाले 360 संस्थानों में उद्यमी, गेस्टहाउस और अस्पताल संचालक शामिल हैं। मंडुवाडीह स्थित रवि पंखा की फैक्ट्री में लगी भीषण आग लगने की घटना के बाद दमकल विभाग ने मनमाना करने वालों के खिलाफ से सख्ती से कार्रवाई शुरू की है।
सरकार ने व्यवसायिक संस्थानों के लिए विद्युत विभाग और अग्निशमन विभाग से एनओसी (अनापत्ति प्रमाणपत्र) लेना अनिवार्य किया है। विभिन्न ऊंचाई वाले भवनों के लिए अलग-अलग आहर्ता भी निर्धारित किए गए हैं।
इसके बावजूद, लोग मनमानी करने से बाज नहीं आ रहे हैं। एक आंकड़े के अनुसार, लगभग 360 लोग अब भी सरकारी नियमों की अनदेखी करते हुए अपने कारोबार शुरू कर दिए हैं, जिससे निर्दोष लोगों की जान खतरे में पड़ रही है। मुख्य अग्निशमन अधिकारी (सीएफओ) आनंद मोहन सिंह ने बताया कि नोटिस देना पहली प्रक्रिया है, और एक-दो बार रिमाइंडर देने के बाद विधिक कार्रवाई का रास्ता खुला है।
फायर सिक्योरिटी अधिकारियों की नियुक्ति भी शुरू
सीएफओ ने बताया कि शासन स्तर पर बड़ी व्यवसायिक संस्थाओं में फायर सिक्योरिटी अधिकारियों की नियुक्ति का निर्देश जारी किया गया है, जिसका सकारात्मक असर देखने को मिला है। कई होटलों ने फायर सिक्योरिटी अधिकारियों की नियुक्ति कर ली है।
विद्युत एनओसी भी देती है सुरक्षा
विद्युत इंजीनियर व्यवसायिक संस्थानों में वायरिंग की गुणवत्ता, उसमें उपयोग किए जाने वाले विद्युत उपकरण व एक निर्धारित जगह पर बनाए जाने वाले पावर हाउस को परखते हैं। एनओसी लेने पर शार्ट सर्किट जैसी घटनाएं नहीं होती हैं। किन्हीं परिस्थिति में आग लगी भी तो वह ठहर जाती है।
