वरुणा नदी में डूबे किशोर का 24 घंटे बाद भी नहीं चला पता,आक्रोशित ग्रामीणों ने बलुआ तिराहे पर किया चक्काजाम
वाराणसी के बलुआ गांव में वरुणा नदी में डूबे किशोर शिवम का 24 घंटे बाद भी पता नहीं चला। इससे ...और पढ़ें

वरुणा नदी में डूबे किशोर का 24 घंटे बाद भी नहीं चला पता, आक्रोशित ग्रामीणों ने किया चक्काजाम।
HighLights
किशोर शिवम वरुणा नदी में स्नान करते डूबा।
24 घंटे बाद भी नहीं मिला कोई सुराग।
आक्रोशित ग्रामीणों ने बलुआ तिराहे पर किया चक्काजाम।
जागरण संवाददाता, (बड़ागांव) वाराणसी। थाना क्षेत्र के बलुआ गांव में शनिवार को वरुणा नदी में स्नान करने के दौरान दो सगे भाई डूबने लगे इसी बीच नदी में स्नान कर रहे एक किशोर ने नदी में डूब रहे दो भाइयों में से छोटे भाई डीएम को बचा लिया। लेकिन बड़े भाई शिवम को नही बचा पाया। घटना की सूचना मिलते ही बड़ागांव पुलिस व एनडीआरएफ की टीम व स्थानीय गोताखोरों द्वारा घंटों तलाश करने पर भी किशोर का पता नही चला।
अंधेरा होने के कारण एनडीआरएफ की टीम ने सर्च अभियान बन्द कर सुबह तलाश करने की बात कह कर वापस चला गया। वहीं रविवार की सुबह तक किशोर शिवम कुमार के वरुणा नदी में डूबने के 24 घंटे बाद भी पता नहीं चलने से आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने बाबतपुर कपसेठी मार्ग पर बलुआ तिराहे पर चक्का जाम कर दिये। जहां सैकड़ों की संख्या में जुटे ग्रामीणों ने प्रशासन से नदी में डूबे किशोर को जल्द से जल्द खोजकर बाहर निकालने की मांग की।
चक्का जाम के कारण उक्त मार्ग पर एक घंटे तक आवागमन बाधित हो गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार,शनिवार की सुबह बलुआ गांव निवासी शिवम कुमार पुत्र लौटन राम वरुणा नदी के राम घाट पर स्नान करने गया था। इसी दौरान वह गहरे पानी में डूब गया। घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों और स्थानीय लोगों में हड़कंप मच गया।
किशोर की तलाश के लिए स्थानीय लोगों के साथ एनडीआरएफ की टीम और गोताखोर जुट गए। काफी देर तक नदी में खोजबीन की गई, लेकिन देर शाम तक किशोर का कोई सुराग नहीं मिल सका। वहीं रविवार की सुबह तक शिवम का पता नहीं चलने से परिजनों का धैर्य जवाब दे गया। इसके बाद परिजनों के साथ बड़ी संख्या में ग्रामीण बलुआ तिराहे पर पहुंच गए और चक्का जाम कर दिया।
ग्रामीणों का कहना था कि घटना को 24 घंटे से अधिक समय बीतने के बावजूद किशोर का पता नहीं चल पाया है। उन्होंने प्रशासन से मांग किया कि तलाश अभियान में तेजी लाते हुए किशोर को जल्द से जल्द नदी से बाहर निकाला जाए। चक्का जाम की सूचना मिलने पर बड़ागांव पुलिस मौके पर पहुंची और आक्रोशित परिजनों व ग्रामीणों को समझाने-बुझाने का प्रयास किया। पुलिस के आश्वासन और समझाने के बाद करीब एक घंटे में ग्रामीणों ने चक्का जाम समाप्त कर दिया। इसके बाद पुलिस ने बाधित यातायात को सुचारु कराया।
अभी तक नदी में से डूबे किशोर के न मिलने से परिजनों की चिंता बनी हुई है। परिवार के लोग शिवम के सकुशल मिलने की उम्मीद लगाए बैठे हैं। वही ग्रामीणों ने बताया कि आज सुबह लगभग 11 बजे एनडीआरएफ की टीम नदी में डूबे किशोर की तलाश के लिए सर्च अभियान शुरू की।
