बलिया, जेएनएन। खेल, युवा एवं पंचायती राज विभाग के स्वतंत्र प्रभारी मंत्री उपेंद्र तिवारी ने रविवार को जिला अस्पताल, बसंतपुर व फेफना स्थित एल-2 कोविड अस्पताल का निरीक्षण किया। मरीजों ने आक्सीजन व दवाओं की कमी को उनके सामने रखा। उन्होंने ने सीएमओ डा. राजेन्द्र प्रसाद व सीएमएस डॉ. बीपी सिंह को व्यवस्था सुधारने का निर्देश दिया। वेंटिलेटर अभी तक चालू नहीं होने पर मंत्री भड़क गए। कहा कि बजट की कमी नहीं है, भ्रष्ट अधिकारी सरकार को बदनाम करने में लगे है, जो बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

इस दौरान इमरजेंसी में मरीज़ों ने आक्सीजन व दवाओं की कमी की शिकायत की। चिकित्सकों पर बाहर की दवा लिखने का आरोप लगाया। वार्ड में आक्सीजन न मिलने की शिकायत मरीजों ने की। मंत्री ने वहां तैनात नर्स से खुद का आक्सीजन लेवल जांचने को कहा, तो नर्स हड़बड़ा गई। बताया कि आक्सीमीटर ही नहीं है। मंत्री ने चकित हो गए। सीएमएस से कहा क्या इसी व्यवस्था पर अस्पताल चला रहा है। शासन ने लोकल स्तर पर जब खरीदारी की छूट रखी है।

एक एम्बुलेंस तक नहीं दिला सके मंत्री

जिला अस्पताल के निरीक्षण के पश्चात बसंतपुर के लिए निकल रहे मंत्री अचानक महिलाओं को रोता देख अपनी गाड़ी से उतरकर उनके पास पहुंच गए। कारण पूछा तो सहतवार बरियारपुर निवासी छोटेलाल व महिलाएं रोते हुए अस्पताल की दुर्व्यवस्था की हकीकत बयान करने लगीं। छोटेलाल ने बताया कि शनिवार से पत्नी को लेकर भर्ती हूं। आक्सीजन के अभाव में मेरी पत्नी ने दम तोड़ दिया। मंत्री ने सीएमएस से शव भेजवाने के लिए एंबुलेंस की व्यवस्था करने का निर्देश दिया। मंत्री के जाने के एक घंटे बाद तक जब कोई एंबुलेंस नहीं मिली। परिजन प्राइवेट एंबुलेंस कर शव को घर लेकर गए।