जागरण संवाददाता, वाराणसी : कांग्रेस के फ्रंटल संगठन राष्ट्रीय छात्र संगठन-इ (एनएसयूआइ) ने गुरुवार को काशी हिंदू विश्वविद्यालय परिसर में मार्च निकालकर प्रधानमंत्री कार्यालय तक पहुंचने की घोषणा की। प्रशासन को जानकारी होते ही काफी संख्या में पहुंची पुलिस फोर्स ने मार्च को वहीं रोक दिया। इस तरह कार्यकर्ताओं का विरोध प्रदर्शन की मंशा धरी रह गई।

मार्च निकालने के पूर्व संगठन की पूर्वी उत्तर प्रदेश की प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक विश्वविद्यालय परिसर स्थित मधुबन पार्क में हुई। इसमें प्रदेश और विभिन्न जिलों के पदाधिकारियों ने भाग लिया। इस बैठक में आगामी महीनों में एनएसयूआइ की रणनीति और कार्यक्रमों पर मंथन किया गया। इस दौरान रचनात्मक कार्यक्रमों के जरिए ‘गांधी-नेहरू की वैचारकी तथा स्वतंत्रता संग्राम के मूल्यों’ को छात्रों के बीच ले जाने का संकल्प लिया गया। सर्वसम्मति से यह तय किया गया कि सेना में संविदा भर्ती की अग्निपथ योजना के खिलाफ एनएसयूआइ प्रदेशव्यापी विरोध प्रदर्शन करेगी और सेना को बर्बाद करने की इस साजिश को आमजन के बीच जा कर उजागर करेगी।

बैठक के बाद कार्यकर्ताओं ने पीएमओ घेराव करने के लिए मार्च निकाला जिसको पुलिस प्रशासन द्वारा बीएचयू के सिंह द्वार पर रोक दिया गया। इस दौरान छात्रों और पुलिस प्रशासन में झड़प भी हुई। मार्च को रोके जाने के बाद छात्रों ने एसीपी भेलूपुर को प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा और जमकर नारेबाजी की।

इस दौरान राष्ट्रीय सचिव सह प्रदेश प्रभारी अविनाश यादव, प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश यादव, बीएचयू इकाई अध्यक्ष राणा रोहित, वंदना उपाध्याय, अभिनव मणि त्रिपाठी, ऋषभ पांडे, मानस सिंह, अक्षय यादव, संदीप पाल, अमित द्विवेदी, वलय दत्त, आदिल, अंकित , हरिकेश, अभिषेक गिरी, आनंद मौर्य, अजय पांडेय, गणेश, आकाश, प्रफुल्ल पांडेय, श्यामबाबू, शिवम चौबे, अभिषेक शुक्ला, अभिनव तिवारी, आसिफ, आलोक रंजन, उमेश यादव, शिवराज शर्मा, रेहान, विशेष, शिवम, राहुल, अभिषेक तिवारी, विवेक, मानस तिवारी, अर्पित, विवेक यादव, राहुल सिंह, अभिनव पाण्डेय, नीरज पांडे, मंजीत यादव, रंजीत तिवारी आदि मौजूद थे।

Edited By: Saurabh Chakravarty