वाराणसी (जेएनएन)। कथा सम्राट मुंशी प्रेमचंद की भावपूर्ण कहानी ईदगाह का अमर पात्र हामिद अब बच्चों को ईद के मेले में अपनी अम्मी के लिए चिमटा खरीदता नजर आएगा। यह संभव होगा विजुअल रूप में। प्रेमचंद की कहानियों व अन्य कृतियों को बच्चों और बड़ों के लिए विजुअल रूप में पेश करने की तैयारी है।

वाराणसी विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष की पहल पर मुंशीजी के गांव लमही में ऑडियो विजुअल ऑडी बनाने की तैयारी चल रही है। इसमें बच्चे एक रुपये के टिकट पर कालजयी कहानियों व अन्य कृतियों को विजुअली देखकर जीवन के अहम सबक सीखेंगे।

लमही में ऐसी दुकान भी खुलेगी, जिसमें मुंशीजी की कहानियों में उल्लिखित सामान की बिक्री होगी। मसलन, ईदगाह का चिमटा, लकड़ी व मिट्टी के बर्तन आदि। योजना को अमलीजामा पहनाने के लिए वीडीए उपाध्यक्ष पुलकित खरे ने रविवार को लमही गांव में मुंशीजी के स्मारक का भ्रमण किया। ऑडी व दुकान के स्थान पर मंथन किया। तैयारी यही है कि 31 जुलाई को मुंशी प्रेमचंद की जयंती पर आडियो विजुअल ऑडी व दुकान लोकार्पित हो जाए। 

पुलकित खरे ने बताया कि दोनों ही योजनाओं के सफल संचालन को केयर टेकर रखे जाएंगे। इससे मिलने वाला धन दुकान के विस्तार व आडियो विजुअल ऑडी की बेहतरी में खर्च होगा। 

साहित्य परिपथ भी बहुत जल्द

वीडीए उपाध्यक्ष ने साहित्य परिपथ को जल्द आकार देने का भरोसा दिया है। उन्होंने साहित्यकार भारतेंदु हरिश्चंद्र व जयशंकर प्रसाद के परिजनों से वार्ता कर ली है।

यह भी पढ़ें: अब होगा ताज महल के पीलेपन का इलाज, लौटेगी सुंदरता

उनकी ओर से योजना को पूर्णता तक ले जाने के लिए सहयोग का भरोसा मिला है। उपाध्यक्ष ने साहित्य परिपथ के क्रम में होने वाले कार्यों से परिजनों को अवगत कराया। बताया कि अगर आप लोग सहयोग दें तो काशी की विरासत से जुड़े इन साहित्यकारों को नये मंच पर लाकर नया आयाम दिया जाएगा।

यह भी पढ़ें: छोटा राजन के शार्प शूटर खान मुबारक के फेसबुक दोस्तों की होगी छानबीन

Posted By: Dharmendra Pandey

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप