मीरजापुर (जेएनएन)। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह विधिवत रूप से बुधवार को मिशन 2019 के लिए संगठन को सक्रिय करते हुए चुनावी बिगुल पूर्वी उत्तर प्रदेश से फूंकने बुधवार को दोपहर डेढ़ बजे मीरजापुर पहुंचे। इस दौरान उनके साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी मौजूद रहे। इस दौरान अमित शाह ने विंध्य धाम में माता के दर्शन कर पूजन अर्चन किया। इसके बाद बैठक करते हुये उन्होंने कहा कि किसानों के हित में केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला किया। खरीफ की फसलों में खाद्यान्न का समर्थन मूल्य 50 फीसद बढ़ाकर उनकी 70 साल की मांग पूरी की। उनके साथ भाजपा अध्‍यक्ष अमित शाह संग सीएम योगी आदित्‍यनाथ और प्रदेश भाजपा अध्‍यक्ष डा महेंद्र नाथ पांडेय भी मौजूद हैं। 

खरीफ की 24 फसलों के उत्पादन पर समर्थन मूल्य बढ़ाए जाने पर केंद्र सरकार और पीएम मोदी का आभार जताते हुए भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने कहा कि आज किसानों के लिए सबसे बड़ा दिन है। असल में आज ही उनकी दिवाली है। किसानों के सात दशक की मांग को भाजपा सरकार ने पूरा किया।

अमित शाह ने पीसी में मात्र खरीफ फसलों के 24 उत्पादों का समर्थन मूल्य बढ़ाए जाने के केंद्र सरकार के फैसले की घोषणा भर की। अन्य किसी मसले पर कुछ नहीं कहा न ही मीडिया के किसी और सवाल का जवाब दिया।
अब वे विस्तारकों के साथ बैठक करने जा रहे हैं।

पहली बैठक में अमित शाह प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में नियुक्त किए गए पार्टी विस्तारकों संग मिशन 2019 को लेकर मंथन किया और दिशा-निर्देश दिया कि किस तरह से चुनावी तैयारियों को लेकर आगे बढ़ना है। इस बैठक में भाजपा के काशी, अवध और गोरखपुर क्षेत्र के सभी विस्तारकों की मौजूद रहे। इसके बाद की बैठक में शाह लोकसभा क्षेत्र प्रभारियों के साथ मंत्रणा की। 

भाजपा अध्यक्ष मां विंध्यवासिनी के धाम में दर्शन-पूजन करने गये। दर्शन पूजन के बाद शाम करीब 6 बजे भाजपा अध्यक्ष वाराणसी पहुंच जाएंगे। यहा बड़ालालपुर स्थित दीनदयाल संकुल में वे भाजपा आईटी सेल के 1200 वालंटियर्स से मुखातिब होंगे। शाह उन्हें टिप्स देंगे कि कैसे अबकी डिजिटल मुहिम के जरिए मिशन 2019 को फतह करना है।

उनके आने का समय करीब 11.30 था मगर उसके बाद समय आगे बढ़ा दिया गया। इस बीच सुबह 10 बजे से ही मंदिर में दर्शन-पूजन रोक दिया गया है। आम श्रद्धालुओं को दर्शन से रोके जाने से असंतोष रहा। पंडा समाज द्वारा विरोध करने पर थोड़ी देर के लिए छूट दी गई।

इसके बाद नियमानुसार दोपहर 12 बजे मंदिर के कपाट रोज की तरह बंद कर दिया गया। बताया गया कि पुन: 1.30 बजे मंदिर का कपाट खुलेगा। बड़ी संख्या में आम दर्शनार्थी वीवीआइपी आगमन के चक्कर मे धाम में दर्शन से वंचित होकर इंतजार करते रहे।