शाहजहांपुर : शासन के निर्देश के क्रम में आम जनता को पारदर्शी एवं सुगमतापूर्ण तरीके से सरकारी सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए आइपी एवं ई-गर्वनेंस का कार्य किया जा रहा है। पुवायां तहसील में डिजिटल इंडिया ई सप्ताह की कार्यशाला का आयोजन अपर जिलाधिकारी प्रशासन की अध्यक्षता में तहसील दिवस में कराया गया। जनसामान्य को डिजिटल लॉकर के विषय में बताया गया।

ई-गवर्नेंस के प्रभारी शिखर दीक्षित ने बताया कि डिजिटल लॉकर के अंतर्गत जनसामान्य अपने जरूरी दस्तावेज जैसे मार्कशीट्स, डिग्री सार्टीफिकेट्स, पासपोर्ट, लाईसेंस आदि डिजिटल फार्मेट में डिजिटल लॉकर में रख सकेंगे। उन्होंने बताया कि डिजिटल लॉकर आप किसी भी जनसेवा केंद्र/लोकवाणी केंद्र अथवा डिजिटल लॉकर्स गव डाट इन पर जाकर भी आधार नंबर के माध्यम से डिजिटल लॉकर खोल सकते हैं।

उन्होंने बताया कि इस योजना के अंतर्गत स्कूल जाने वाले बच्चों को भारी भरकम बस्तों का प्रयोग नहीं करना पड़ेगा। बच्चे टेब/नोटबुक के माध्यम से ई बुक साफ्ट कॉपी (पीडीएफ) का प्रयोग करेंगे। इस योजना के अंतर्गत जन-सामान्य को आइटी की शिक्षा दी जायेगी। वर्तमान में जनपदमें आंगनबाड़ी, आशा, एएनएम एवं कोटेदारों को नेशनल डिजिटल लिटरेसी मिशन के अंतर्गत आइटी (डिजिटल लिटरेसी) की शिक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन आरंभ कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि इसी प्रकार उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा ई गवर्नेंस के क्षेत्र में कई योजनाएं क्रियांवित की जा रही हैं। इस योजना के अंतर्गत आठ विभागों की 26 सेवायें संचालित हो रही हैं। जिनकी कार्यप्रणाली पूर्णत: आनलाइन है। वर्तमान में जनपद में चार लाख के लगभग आवेदन ऑनलाइन निस्तारण किये जा चुके हैं। आम जनमानस को उनके घर के समीप सरकारी सेवाएं दिए जाने के लिए प्रदेश के शहरी/ग्रामीण अंचलों में लगभग 17 हजार जन-सेवा केन्द्र/लोकवाणी केन्द्र खुलवाए गए हैं। जनपद शाहजहांपुर में वर्तमान में 389 जन सुविधा एवं 44 लोकवाणी केंद्र संचालित हैं। जनपद में प्रत्येक तहसील, ब्लाकों एवं ई-डिस्टिक/एसएसडीजी के अंतर्गत आने वाले नौ विभागों में ई-गवर्नेंस लैब का निर्माण कराया जा रहा है। इसके अतिरिक्त जनपद स्तर पर कलेक्ट्रेट में एक ई-गवर्नेंस सेल का निर्माण प्रगति पर है, जिसमें ई-गवर्नेंस के कार्यो की मॉनीट¨रग की जाएगी।