जेएनएन, सम्भल: गंगा एक्सप्रेस-वे बनाने के लिए जमीन खरीद की प्रक्रिया तेजी से चल रही है। सम्भल जिले में बैनामे की प्रक्रिया लगभग पूर्ण हो चुकी है। अब तक सम्भल और चन्दौसी तहसील क्षेत्र में अधिकारी 6500 किसानों की जमीन का बैनामा करा चुके है और 529 करोड़ का भुगतान कर चुके है, लेकिन अब भी 60 करोड़ रुपये किसानों का सरकार बकाया है। साथ ही 23 हजार हेक्टेयर जमीन का बैनामा और कराना है। मेरठ से प्रयागराज तक बन रहा गंगा एक्सप्रेस-वे जिले की सम्भल और चन्दौसी तहसील के 33 गांवों से होकर गुजर रहा है। कोरोना की दूसरी लहर के चलते बैनामा प्रक्रिया रुक गई थी, लेकिन जैसे ही कोरोना से राहत मिली तो अधिकारियों ने बैनामा कराने की प्रक्रिया तेज कर दी। इसके बाद तेजी से बैनामे हुए तो शनिवार तक दोनों तहसीलों में 6500 किसानों ने बैनामा करा दिया। तहसीलदार मनोज कुमार सिंह ने बताया कि अब तक हम दोनों तहसीलों में 454.59 हेक्टेयर जमीन का बैनामा करा लिया है। अब तक किसानों को 529 करोड़ रुपये का भुगतान कर दिया है और 60 करोड़ बकाया है। जल्द ही शेष धनराशि भी किसानों के खाते में भेज दी जाएगी। 23 हेक्टेयर जमीन और खरीदनी है। जिसके लिए प्रयास किए जा रहे हैं।

जेल में जाकर बैनामा कराएंगे रजिस्टार

सम्भल: कुछ किसान ऐसे है जिनकी जमीन गंगा एक्सप्रेस-वे में आ रही है और वह किसी ने किसी मामले में जेल में बंद हैं। ऐसे में उन किसानों की जमीन का अधिकारी बैनामा नहीं करा पा रहे हैं, लेकिन अब अधिकारियों ने निर्णय लिया है कि जेल में ही जाकर रजिस्टार बैनामा कराएंगे।

कुछ जमीन का अभी नहीं हो पाएगा बैनामा

सम्भल: अधिकारी अधिकांश जमीन का बैनामा करा चुके हैं, लेकिन अब उनके सामने एक समस्या आ गई है। दरअसल, 10 हेक्टेयर जमीन ऐसी है जिस पर किसी न किसी मामले को लेकर कोर्ट में केस चल रहा है। ऐसे में अधिकारी उस जमीन का बैनामा नहीं करा पा रहे हैं।

Edited By: Jagran