सहारनपुर, जेएनएन। गांव में निकासी के गंदे पानी ने गलियों में भरकर गंदगी का रूप लिया। ग्राम पंचायत की अनदेखी के कारण गंदगी से ग्रामीणों का जीना दुश्वार हुआ। पानी निकासी के लिए ग्रामीण शासन और प्रशासन को भी प्रार्थना पत्र दे चुके हैं।

ग्रामीण सचिन कुमार ने बताया कि शुक्रताल ग्राम पंचायत के गांव सुल्तानपुर के आधे गांव का गंदा पानी अभी तक आसपास के खेतों में जाता था। ग्राम पंचायत ने अब तक जो नालियां बनवाई थीं, उनसे पानी बहकर के तालाब में जाने के बजाय खेतों में जा रहा था। लगभग 10 महीने खेत स्वामी ने अपने खेत में गंदे पानी को आने से रोक दिया जिस कारण अब यह गंदा पानी गांव की गलियों में एकत्र होकर जमा हो गया है। मोहल्ले की सड़क कीचड़युक्त गंदे पानी से भरक गई है। सड़क के किनारों पर बनी नालियां भी कीचड़ व कबाड़ से लबालब भर कर के विलुप्त हो चुकी है। तेज बारिश में पानी की निकासी ना होने के कारण यह गंदा पानी घरों में घुस कर ग्रामीणों के लिए एक बड़ी समस्या बन गया है। ग्रामीणों ने शासन प्रशासन से गांव के गंदे पानी की निकासी का समुचित की और समाधान किए जाने की मांग की है।

विधायक ने सुनी समस्याएं

संवाद सूत्र अंबेहटा: नगर के निकटवर्ती ग्राम ढायकी में ग्रामीणों को हो रही विभिन्न समस्याओं की सूचना मिलते ही गंगोह विधायक गांव पहुंचे और ग्रामीणों की समस्या सुनी।

ग्रामीणों ने बताया कि ढायकी स्थित अस्पताल में चिकित्सक नहीं हैं। गांव में शीघ्र ही डॉक्टर की तैनाती की जाये तथा ढायकी अंबेहटा व ढायकी टिडौली मार्ग का निर्माण कराने की भी मांग की। विधायक किरत सिंह ने जन समस्या को देखते हुए शीघ्र ही निस्तारण का आश्वासन दिया। इस दौरान पदम सिंह,भंवर सिंह , इसम सिंह, रोशन सिंह, विनोद , महावीर,अजय, राहुल, जयपाल,सुरेन्द्र,अक्षय, सुखपाल उर्फ मिटू, प्रवीणप्रवेश, संजय, विक्रम,कर्ण, विदेशपाल, नवाब, जोगेंद्र , विद्रपाल, हुकम सिंह,अफला व राजनाथ आदि मौजूद रहे।

Edited By: Jagran