यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 15, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Azam Khan पर धड़ाधड़ मुकदमे कराने वाले आकाश सक्सेना पर भाजपा ने फिर जताया भरोसा, By Poll में बनाया उम्मीदवार
Rampur By Election 2022 रामपुर विधानसभा सीट पर पांच दिसंबर को होने वाले उपचुनाव के लिए भाजपा ने अपना प्रत्याशी ...और पढ़ें

रामपुर (मुस्लेमीन)। Rampur By Election 2022 : रामपुर विधानसभा सीट पर पांच दिसंबर को होने वाले उपचुनाव (By Election) के लिए भाजपा ने अपना प्रत्याशी घोषित कर दिया है। भाजपा ने एक बार फिर आकाश सक्सेना (Akash Saxena) पर भरोसा जताया है। यूपी विधानसभा चुनाव (UP Assembly Election 2022) में भी भाजपा ने आकाश को ही रामपुर सीट से प्रत्याशी बनाया था। खास बात यह है कि आजम खां (Azam Khan) और उनके परिवार पर वर्ष 2019 से जितने भी मुकदमे हुए हैं उनमें से ज्यादातर आकाश सक्सेना ने ही कराए हैं।
आजम खां जेल में रहते जीते थे चुनाव
समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party) के दिग्गज नेता आजम खां के गढ़ में भाजपा ने एक बार फिर आकाश सक्सेना पर दांव लगाया है। इसी साल हुए विधानसभा चुनाव में भी आकाश भाजपा के प्रत्याशी थे, जबकि उनके मुकाबले सपा नेता आजम खां प्रत्याशी थे। उन दिनों आजम सीतापुर की जेल में बंद थे, लेकिन जेल में रहते हुए ही रिकार्ड वोटों से जीत गए थे।
भड़काऊ भाषण मामले में सजा होने के बाद चली गई आजम की विधायकी
पिछले माह 27 अक्टूबर को आजम खां को भड़काऊ भाषण (Azam Khan Hate Speech Case) के मामले में तीन साल की सजा हो गई। इस पर उनकी विधायकी चली गई। चुनाव आयोग ने विधानसभा उपचुनाव कराने की घोषणा भी कर दी। अब यह पांच दिसंबर को मतदान होगा। आकाश सक्सेना के पिता शिव बहादुर सक्सेना स्वार क्षेत्र से लगातार चार बार भाजपा के विधायक रहे हैं।
पूर्व मंत्री शिव बहादुर के बेटे हैं आकाश सक्सेना
शिव बहादुर सक्सेना प्रदेश सरकार में मंत्री भी रह चुके हैं। साल 2017 में वह आजम खां के मुकाबले रामपुर शहर से चुनाव लड़े थे, लेकिन जीत नहीं पाए। हालांकि सपा ने अभी किसी को प्रत्याशी नहीं बनाया है। आजम खां आज शाम छह बजे पार्टी कार्यालय पर जिले भर के नेताओं के साथ मीटिंग करेंगे। उसमें विचार विमर्श के बाद ही कोई फैसला लेंगे।
सपा आज शाम तक ले सकती है उम्मीदवार पर फैसला
अभी तक तो यही चर्चा है कि आजम खान का परिवार यह चुनाव नहीं लड़ेगा। लेकिन, पार्टी के कुछ लोग उनसे उनकी पत्नी पूर्व सांसद डॉ. तजीन फात्मा को चुनाव लड़ाने के लिए कह रहे हैं। साल 2019 में जब आजम खां सांसद बने थे तब हुए विधानसभा उपचुनाव में तजीन फात्मा ही चुनाव लड़ीं थींं और विधायक बन गई थीं।
सपा से आजम की पत्नी तजीन फात्मा का नाम सबसे ऊपर
सपा के कई लोग हिंदू प्रत्याशी बनाए जाने की चर्चा कर रहे हैं। भाजपा के सांसद रहे स्वर्गीय राजेंद्र प्रसाद शर्मा के बेटे अमित शर्मा का नाम भी चर्चा में है। उन्हें सपा प्रत्याशी बनाया जा सकता है। हालांकि इस सीट से हमेशा मुस्लिम नेता ही विधायक बनते रहे हैं, क्योंकि यहां मुस्लिम आबादी बड़ी संख्या में है।
