लालगंज (रायबरेली): कोतवाली क्षेत्र के गोविदपुर कठोइया गांव में चचेरे भाइयों की पिटाई से घायल युवक की सोमवार सुबह मौत हो गई। इस संगीन मामले में तीन सगे भाइयों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस मामले की तफ्तीश कर रही है।

उक्त गांव निवासी अखिलेश (22) पुत्र रामधनी कोरी पांच अक्टूबर को बहन पूजा के साथ खीरों के बरौला गांव अपनी रिश्तेदारी में एक कार्यक्रम में शामिल होने गया था। वहीं उसे शादी के लिए लड़की भी देखनी थी। उसके चचेरे भाई शिवकुमार, संजय, शिवशंकर आदि भी वहां गए हुए थे। किसी बात को लेकर अखिलेश व शिवशंकर में कहासुनी हो गई। अगले दिन अखिलेश अकेले ही घर वापस लौट आया। शाम को अखिलेश गांव से बाहर जा रहा था, तभी चचेरे भाइयों शिवशंकर, संजय और शिव कुमार ने उसे रोक लिया और जमकर मारापीटा। बाहरी चोट न लगने पर घरवालों ने भी ध्यान नहीं दिया। रात में अखिलेश चुपचाप घर पर लेट गया। सुबह वह घर पर ही मृत अवस्था में मिला। परिवारजनों का आरोप है कि शाम को हुई पिटाई से आई अंदरूनी चोटों के चलते उसकी मौत हुई है।

घटना की जानकारी मिलते ही कोतवाल विनोद कुमार सिंह गांव पहुंचे। वहां अखिलेश के पिता रामधनी ने अपने भाई के तीनों बेटों शिवकुमार, शिवशंकर और संजय को आरोपित करते हुए तहरीर दी। पुलिस ने हत्या की धारा में मुकदमा दर्ज कर मृतक का शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। सभी आरोपित अभी फरार हैं।

भाई ही नहीं चाहते थे कि शादी हो

कोतवाल विनोद सिंह ने बताया कि मृतक अखिलेश और आरोपित शिवशंकर की रिश्तेदारी बरौला में एक ही परिवार में है। क्योंकि अखिलेश शराब पीता था, इसलिए शिवशंकर उसकी शादी अपनी रिश्तेदारी में नहीं होने देना चाहता था। पांच सितंबर को उसकी शादी की बातचीत के दौरान ही पहला विवाद हुआ। फिर वापस गांव आने पर मारपीट हुई। जिसमें अखिलेश की जान चली गई। आरोपितों की तलाश की जा रही है।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस