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UP Board की किताबें अब विद्यार्थियों को घर बैठे मिलेंगी, ऑनलाइन होम डिलेवरी भी होगी; हर जिले में डीलर रहेंगे

By Amlendu Tripathi Edited By: Brijesh Srivastava
Published: Tue, 22 Sep 2026 08:43 PM (IST)

यूपी बोर्ड विद्यार्थियों को एनसीईआरटी की तर्ज पर पाठ्यपुस्तकें आसानी से उपलब्ध कराएगा। इसके लिए सभी जिलों में डीलर नियुक्त होंगे और ऑनलाइन होम डिलीवरी की सुविधा भी मिलेगी।

यूपी बोर्ड विद्यार्थियों को पाठ्य पुस्तकें NCERT की तर्ज पर आसानी से उपलब्ध कराने की तैयारी कर रहा है।

यूपी बोर्ड विद्यार्थियों को पाठ्य पुस्तकें NCERT की तर्ज पर आसानी से उपलब्ध कराने की तैयारी कर रहा है।

HighLights

  1. अक्टूबर में होगा किताबों की छपाई का टेंडर

  2. भाषा की किताबें बोर्ड ने स्वयं विकसित की

राज्य ब्यूरो, जागरण, प्रयागराज। उप्र माध्यमिक शिक्षा परिषद प्रयागराज (यूपी बोर्ड) एनसीईआरटी की तरह विद्यार्थियों को पाठ्य पुस्तकें सुविधाजनक तरीके से उपलब्ध कराने की तैयारी में है। प्रत्येक जिले में सभी विद्यालयों और विद्यार्थियों तक किताबें समय से पहुंचें इसके लिए जिलों में डीलर तय किए जाएंगे। वे किताबों के प्रकाशन के बाद बाजार में उनकी उपलब्धता सुनिश्चित करेंगे।

शैक्षिक सत्र 2026-2027 में एक करोड़ से अधिक छात्र-छात्राओं की पढ़ाई के लिए किताबों की छपाई का टेंडर अक्टूबर में होने जा रहा है। उम्मीद है किताबों का प्रकाशन जनवरी 2027 में पूरा हो जाएगा। इसी माह के अंतिम सप्ताह में पुस्तकें बाजार में भी उपलब्ध हो जाएंगी।

नवीं कक्षा से 12वीं कक्षा तक की किताबों के प्रकाशन की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। हाईस्कूल स्तर (कक्षा-नौ व दस ) की अंग्रेजी, विज्ञान, गणित, सामाजिक विज्ञान व इंरमीडिएट स्तर (कक्षा-11 एवं 12) की अंग्रेजी, भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान, गणित, इतिहास, भूगोल, नागरिक शास्त्र, समाज शास्त्र, अर्थशास्त्र, व्यवसाय अध्ययन, लेखाशास्त्र, मनोविज्ञान, गृहविज्ञान की किताबें एनसीईआरटी की हैं।

सभी राजकीय, सहायता प्राप्त एवं वित्त विहीन मान्यता प्राप्त विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को इनका प्रयोग करना है। कुल 36 विषय की 70 पुस्तके हैं। इसमें यूपी बोर्ड की तीन किताबें हिंदी, संस्कृत और उर्दू भी हैं। भाषा की पुस्तकों की विषयवस्तु को बोर्ड ने अपने स्तर पर निर्धारित किया है जबकि शेष विषय की विषयवस्तु एनसीआरटीई की है। बोर्ड सचिव भगवती सिंह ने बताया कि इस बार छात्र छात्राओं को किताबें समय से मिलेंगी। विद्यालयों तक इनकी आपूर्ति में वेंडर सहयोग करेंगे। 

बोर्ड विद्यार्थियों को समय से पुस्तकें उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। दूरस्थ क्षेत्रों में पाठ्य-पुस्तकों की सुगम उपलब्धता तथा घर बैठे पुस्तक प्राप्ति की व्यवस्था को प्रोत्साहित करने के लिए बिना अतिरिक्त शुल्क लिए अधिकृत प्रकाशकों के सहयोग व अमेजान वेबसाइट के माध्यम से कक्षा-नौ और दस की किताबें विद्यार्थियों को आनलाइन उपलब्ध कराने की व्यवस्था भी है।

माध्यमिक शिक्षा परिषद्, उत्तर प्रदेश ने छात्र-छात्राओं को पुस्तक सेट खोजने व आर्डर प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए छात्र अनुकूल आनलाइन पोर्टल (Pioneerbooks.in) विकसित किया है। पोर्टल पर कक्षा के अनुसार पुस्तक सेट सुव्यवस्थित रूप से उपलब्ध होगा। विद्यार्थी आवश्यकतानुसार अपनी कक्षा के पुस्तक सेट का चयन कर सीधे संबंधित अमेजान वेबसाइट के विक्रय पृष्ठ पर जाकर आर्डर कर पुस्तकें प्राप्त कर सकते हैं।

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