प्रयागराज-मुंबई रेलमार्ग पर बड़ा हादसा अंजाम देने का रचा गया षड़यंत्र, चार सिग्नल काले कपड़े से ढंके; ऐसे टली अनहोनी
प्रयागराज-मुंबई रेलमार्ग पर एक बड़े हादसे की साजिश रची गई, जिसमें चार सिग्नलों को काले कपड़े से ढका गया। बरौनी-गोंदिया ...और पढ़ें

प्रयागराज-मुंबई रेलमार्ग पर टला बड़ा हादसा, सिग्नलों से छेड़छाड़ कर रची गई थी साजिश।
HighLights
जसरा-मदरहा के बीच पोल पर बांधी पॉलीथिन, लोको पायलट ने दिखाई सूझबूझ
बरौनी-गोंदिया एक्सप्रेस रोककर ट्रेन के चालक ने स्टेशन पर तत्काल दी सूचना
आरपीएफ ने अज्ञात अराजकतत्वों के खिलाफ दर्ज किया मुकदमा, जांच तेज की
जागरण संवाददाता, प्रयागराज। उत्तर और मध्य भारत को पश्चिम भारत से जोड़ने वाले अति व्यस्त प्रयागराज-मुंबई रेल मार्ग पर ट्रेनों के संचालन को बाधित करने और बड़े हादसे को अंजाम देने का एक सनसनीखेज षड़यंत्र सामने आया है। यमुनापार इलाके में जसरा और मदरहा रेलवे स्टेशनों के मध्य शरारती तत्वों ने रेल पटरियों के किनारे लगे चार अहम सिग्नलों को काले कपड़े और प्लास्टिक की पन्नी से पूरी तरह ढंक दिया।
बरौनी-गोंदिया एक्सप्रेस के लोको पायलट की सूझबूझ
गनीमत रही कि वहां से गुजर रही बरौनी-गोंदिया एक्सप्रेस के लोको पायलट ने ऐन वक्त पर सतर्कता बरतते हुए ट्रेन की रफ्तार नियंत्रित कर ली, जिससे मुंबई जाने वाले इस मुख्य कारिडोर पर एक बड़ा रेल हादसा होने से बच गया।
23 अगस्त की देर रात की घटना
यह घटना रविवार यानी 23 अगस्त की देर रात करीब एक बजे की है। मुंबई मुख्य रेल लाइन पर स्थित मदरहा स्टेशन के आउटर क्षेत्र में ग्राम सभा हरदी के सामने सिग्नल संख्या 519-ए, 521-ए, 552-ए और 504-ए को किसी ने काले रंग के कपड़े व मोटी पालीथिन से कसकर बांध दिया था, ताकि चालकों को आगे का सिग्नल आस्पेक्ट (संकेत) नजर न आए।
लोको पायलट ने खतरे को भांप लिया, ट्रेन खड़ी कर दी
इसी दौरान जब ट्रेन संख्या 15231 बरौनी-गोंदिया एक्सप्रेस मानिकपुर की ओर बढ़ रही थी। लोको पायलट को ट्रैक सिग्नल दिखाई नहीं दिया। गंभीर खतरे की आशंका को भांपते हुए उन्होंने तुरंत गाड़ी की गति धीमी की और आगे बढ़ते हुए मदरहा स्टेशन पर ट्रेन खड़ी कर दी। मदरहा स्टेशन पर इस एक्सप्रेस ट्रेन का नियमित ठहराव नहीं है।
रेलकर्मियों में मची अफरा-तफरी
अचानक रात में ट्रेन रुकने पर आन-ड्यूटी रेलकर्मियों में अफरा-तफरी मच गई। चालक ने तत्काल स्टेशन प्रबंधन को सिग्नलों के ढके होने की जानकारी दी, जिसके बाद तकनीकी कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर प्लास्टिक व कपड़े हटाए और ट्रैक क्लीयर किया।
अति व्यस्त रेलमार्ग है प्रयागराज-मुंबई
प्रयागराज–मुंबई मार्ग चौबीसों घंटे सुपरफास्ट और एक्सप्रेस ट्रेनों की आवाजाही से व्यस्त रहता है। ऐसे महत्वपूर्ण रूट पर सिग्नलों से छेड़छाड़ की खबर मिलते ही रेलवे और आरपीएफ के उच्चाधिकारियों में खलबली मच गई। अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि इस षड्यंत्र के पीछे कौन था। आरपीएफ व जीआरपी के साथ खुफिया एजेंसियों को भी सक्रिय कर दिया गया है।
सिग्नल पर प्लास्टिक लगाया गया था। मामले की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। कुछ इनपुट मिले हैं। हर एंगल पर जांच की जा रही है। जल्द ही मामले का खुलासा हो जाएगा।
- दीपक कुमार आजाद, सीनियर डीएससी आरपीएफ प्रयागराज।
