दोस्ती का खूनी अंत: दोस्तों ने की शिवम की हत्या, इकलौते बेटे का शव घर पहुंचा तो उजड़ गई मां की दुनिया
पीलीभीत के बीसलपुर में 19 वर्षीय शिवम की दोस्ती ही उसकी मौत का कारण बन गई। शराब पीने के दौरान ...और पढ़ें

बीसलपुर के मृतक शिवम का शव पहुंचने के बाद रोते बिलखते स्वजन समझाती पुलिस।
जागरण संवाददाता, बीसलपुर। चार वर्ष पहले शुरू हुई दोस्ती में न जाने कितने सपने और भरोसे जुड़े होंगे। पड़ोसी गांव होने के कारण सुबह की सैर में हुई मुलाकात धीरे-धीरे इतनी गहरी हो गई कि एक-दूसरे की रिश्तेदारियों तक आना-जाना शुरू हो गया।
शायद शिवम ने भी कभी नहीं सोचा होगा कि जिन दोस्तों के साथ हंसी-मजाक करते हुए वह घर से निकलेगा, उसी दोस्ती का अंत इतना दर्दनाक होगा। 19 सितंबर को दोस्तों के साथ निकला 19 वर्षीय शिवम फिर घर नहीं लौट सका। नवाबगंज क्षेत्र में शराब पीने के दौरान हुई कहासुनी के बाद मारपीट और उसे नदी में धकेले जाने की बात सामने आई है।
यह है पूरा मामला
मुहल्ला दुर्गा प्रसाद निवासी शिवम अमरा करोड़ निवासी रजनीश उर्फ सत्येंद्र कुमार और मिथुन के साथ निकला था। तीनों बरेली के नवाबगंज क्षेत्र के गांव खंजन्नपुर निवासी हरीश के यहां पहुंचे थे। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर शिवम के साथ मारपीट की गई और बाद में उसे नदी में धकेल दिया गया। घटना के बाद सभी अपने-अपने रास्ते चले गए। शिवम के घर न लौटने पर मां बिट्टो देवी ने गुमशुदगी दर्ज कराई।
साथ गए दोस्तों पर संदेह हुआ तो पुलिस ने रजनीश को हिरासत में लेकर पूछताछ की। उसकी निशानदेही पर शुक्रवार को एनडीआरएफ, पीएसी और गोताखोरों की मदद से नदी से शव बरामद किया गया। हरीश और रजनीश हिरासत में हैं, जबकि मिथुन पुराने मामले में वारंट के चलते जेल में है।
शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद शिवम का शव घर पहुंचा तो दोस्ती की सारी यादें एक मां के लिए मातम में बदल गईं। पति की पहले ही मौत हो चुकी है। कोतवाली प्रभारी संजीव कुमार शुक्ला ने बताया कि मां की शिकायत पर तीन नामजद और दो अज्ञात के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की है। दो आरोपित हिरासत में लिया है।
