विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 01, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

पीलीभीत में नेपाली हाथियों ने रौंद डाली गन्ने की फसल

By JagranEdited By:
Published: Mon, 01 Nov 2021 12:44 AM (IST)

बाढ़ की तबाही का दंश झेल रहे हजारा क्षेत्र में अब नेपाली हाथियों का झुंड उत्पात मचा रहा है। बची ...और पढ़ें

पीलीभीत में नेपाली हाथियों ने रौंद डाली गन्ने की फसल
पीलीभीत में नेपाली हाथियों ने रौंद डाली गन्ने की फसल

पूरनपुर (पीलीभीत), जेएनएन : बाढ़ की तबाही का दंश झेल रहे हजारा क्षेत्र में अब नेपाली हाथियों का झुंड उत्पात मचा रहा है। बची हुई गन्ने की फसल को हाथियों ने तबाह करना शुरू कर दिया है। इससे किसान परेशान नजर आ रहे हैं। वहीं, सेहरामऊ में भी पिछले कुछ दिनों से हाथी जंगल से निकलकर किसानों की फसलों को खराब कर रहे हैं।

संपूर्णानगर बफर जोन के वन क्षेत्र एवं हजारा थाना क्षेत्र के गांव विजयनगर, गौतमनगर के आसपास शनिवार रात से डेढ़ दर्जन के करीब हाथियों का झुंड देखा जा रहा है। हाथी किसानों की गन्ने और लाही की फसल को रौंदकर तहस-नहस कर रहे हैं। ग्रामीण हाथियों के भय से खेतों की तरफ नहीं जा रहे हैं। हाथियों के झुंड के आने की सूचना ग्रामीणों ने संपूर्णानगर वन रेंज के वन क्षेत्राधिकारी आरपीएस रौतेला को दी। हजारा थाना प्रभारी निरीक्षक हरीशवर्धन सिंह को भी बताया। सूचना पर वन विभाग और पुलिस विभाग की टीम ने मौके पर पहुंची। हाथियों को खदेड़ने का प्रयास किया। लेकिन, सफलता नहीं मिली। रविवार को दिन में किसानों के खेतों में हाथियों का झुंड विचरण करता देखा गया। इसका इंटरनेट मीडिया पर वीडियो भी वायरल हुआ है। हजारा इंस्पेक्टर हरीशवर्धन सिंह ने मंदिर, मस्जिद एवं गुरुद्वारा से एलाउंस कराकर ग्रामीणों को हाथियों का झुंड आने और क्षेत्र व खेतों में जाने के दौरान पूरी सावधानी बरतने को आगाह कराया। सामाजिक वानिकी प्रभाग संपूर्णानगर के वन क्षेत्राधिकारी आरपीएस रौतेला ने बताया कि ग्रामीण हाथियों को भगाने के लिए पटाखा न छोड़े और न ही उनके पीछे ट्रैक्टर दौड़ाएं। हाथी रात के समय स्वयं नेपाल की तरफ चले जाएंगे। वन विभाग की टीम लगातार निगरानी कर रही है। पिछले एक सप्ताह से हाथियों का उत्पात जारी

जोगराजपुर: एक सप्ताह पहले जंगल से निकलकर क्षेत्र के खंजनपुर में हाथियों ने जमकर उत्पात मचाया था। बीते आठ दिनों से यह क्षेत्र में ही रहकर उत्पात मचा रहे हैं। वन विभाग के अधिकारी इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं। इससे हाथियों का उत्पात बढ़ता जा रहा है। शनिवार की रात गढ़ाकलां, मोहनपुर, गोविदपुर के लोग एकत्र होकर हाथियों को भगा रहे थे। तभी एक हाथी उनकी तरफ दौड़ पड़ा। बमुश्किल उन्होंने भागकर जान बचाई। गोबिदपुर निवासी शंकर, बबलू, ने बताया कि हाथियों का झुंड से बमुश्किल वह लोग बच सके। इससे किसानों में वन विभाग के अधिकारियों के प्रति आक्रोश है।