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बाजार में नकली नोट खपाने वाले गिरोह का भंडाफोड़, ग्रेटर नोएडा पुलिस ने 1.84 लाख कैश के साथ चार आरोपी दबोचे

Published: Fri, 16 Oct 2026 03:14 PM (GMT+05:30)

ग्रेटर नोएडा में पुलिस ने जाली नोटों का कारोबार करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार ...और पढ़ें

चार आरोपी गिरफ्तार। AI जनरेटेड

चार आरोपी गिरफ्तार। AI जनरेटेड

HighLights

  1. नॉलेज पार्क पुलिस ने जाली नोट गिरोह का भंडाफोड़ किया।

  2. चार आरोपी गिरफ्तार, 1.84 लाख के जाली नोट बरामद।

  3. अयोध्या जेल में रची गई थी जाली नोट कारोबार की साजिश।

जागरण संवाददाता, ग्रेटर नोएडा। ग्रेटर नोएडा में नॉलेज पार्क कोतवाली पुलिस ने जाली नोटों को बाजार में खपाने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 200-200 रुपये के 920 जाली नोट, जिनकी कीमत 1 लाख 84 हजार रुपये है। अपराध से संबंधित 1000 रुपये का असली नोट और घटना में प्रयुक्त बिना नंबर प्लेट की स्विफ्ट डिजायर कार बरामद की है।

आरोपियों की हुई पहचान

पुलिस ने ग्राम कोण्डली पुस्ता के पास गढ़ी समस्तीपुर जाने वाले पक्के रास्ते पर मोड़ के पास से चारों को पकड़ा। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अर्जुन सिंह (22) पुत्र धार्जीसिंह निवासी ग्राम ग्वाडिया, कोतवाली नगर सुल्तानपुर, शशांक गुप्ता (19) पुत्र सुनील गुप्ता निवासी हैदरगंज, कोतवाली अयोध्या, शान्तनु सिंह (19) पुत्र रामसिंह निवासी हरिहरपुर, कमलपुर सीतापुर और वैभव शुक्ला (19) पुत्र अन्जय कुमार शुक्ला निवासी टन्डौली, महाराजगंज अयोध्या के रूप में हुई है।

पुलिस पूछताछ में सामने आया कि अर्जुन सिंह वर्ष 2024 में अयोध्या जेल में कुबेर सिंह नामक व्यक्ति के साथ बंद था। वहीं दोनों की मुलाकात हुई और जाली नोट को खपाने की की साजिश रची।

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नकली नोटों के बदले असली नोट

इसके के तहत कुबेर, अर्जुन, शशांक और शान्तनु मिलकर जाली नोट तैयार करते थे। अर्जुन अपने साथियों के साथ आम जनता को तीन गुना रुपये का झांसा देकर नकली नोटों के बदले असली नोट लेकर अवैध लाभ कमाता था और बाद में मुनाफे में हिस्सेदारी होती थी। 16 अक्टूबर को भी चारों गौतमबुद्धनगर में इसी तरह लोगों को ठगने आए थे। इसी दौरान पुलिस ने धर लिया।