ग्रेटर नोएडा में कर चोरी पर बड़ी कार्रवाई, 80 बोगस फर्मों का भंडाफोड़; 162 करोड़ वसूले
ग्रेटर नोएडा में राज्य कर विभाग ने 80 अस्तित्वहीन व बोगस फर्मों की पहचान की है। इन फर्मों ने फर्जी ...और पढ़ें
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करोड़ों रुपये वसूले। एआई जनरेटेड

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जागरण संवाददाता, ग्रेटर नोएडा। राज्य कर विभाग की ओर से अस्तित्वहीन व बोगस फर्मों को चिह्नित करने की कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में पिछले तीन से चार महीने में की गई कार्रवाई में राज्य क्षेत्र के अंतर्गत पंजीकृत 20 फर्में तथा केंद्रीय क्षेत्राधिकार के अंतर्गत पंजीकृत 60 फर्में बोगस व अस्तित्वहीन पाई गईं।
बताया गया कि इन फर्मों द्वारा पंजीयन के लिए दाखिल प्रपत्रों की जांच पर पाया गया कि संबंधित फर्मों द्वारा फर्जी कागजों के आधार पर कपटपूर्ण तरीके से कर चोरी की मंशा से पंजीयन प्राप्त किए गए हैं, जिनका पंजीयन निरस्त करते आगे की कार्रवाई की जा रही है।
टीम ने जांच में पाई अहम जानकारी
राज्य कर अपर आयुक्त संदीप बागिया ने बताया कि टीम की जांच में पाया गया कि इन फर्मों द्वारा कुल 1027 फर्मों को 637 करोड़ रुपये का इनपुट टैक्स क्रेडिट (आइटीसी) आगे बढ़ाया गया है इन फर्मों में 455 फर्में उत्तर प्रदेश व 574 फर्में अन्य राज्यों में पंजीकृत हैं।
निर्धारण अधिकारियों को दी गई सूचना
बोगस व अस्तित्वहीन फर्मों की 78.27 करोड़ रुपये की आइटीसी ब्लाक की जा चुकी है। इन फर्मों पर कार्रवाई करते हुए 1788.99 करोड़ की मांग की गई है। बोगस फर्मों की कड़ियों की जांच करते हुए वास्तविक लाभार्थियों की पहचान कर उनके कर निर्धारण अधिकारियों को सूचना भेद दी गई है। इस प्रकार के मामलों में अब तक 162.89 करोड़ की वसूले जा चुके हैं।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की कर चोरी के विरुद्ध जीरो टालरेंस की नीति के प्रभावी क्रियान्वयन के तहत बोगस फर्मों पर कार्रवाई करते हुए व ऐसी फर्मों के पीछे जुटे मास्टरमाइंड आरोपितों की पहचान कर उन पर सभी मामलों में एफआइआर कोतवालियों में दर्ज कराई गईं हैं। इसके तहत अब तक नौ आरोपितों की गिरफ्तारी की जा चुकी है।
