मुरादाबाद, जागरण संवाददाता। Scam in Gram Panchayats : विकास खंड मूंढापांडे की ग्राम पंचायत अक्का डिलारी के प्रधान और सचिव पर फर्जी विकास दिखाकर साढ़े सत्रह लाख रुपये निकालने का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री को शिकायती पत्र भेजा है। स्थानीय स्तर पर मंडलायुक्त से भी शिकायत करके जांच कराने की मांग की गई है।

पूर्व प्रधान जकी मुस्तुफा ने शिकायती पत्र में आरोप लगाया है कि ग्राम पंचायत अक्का डिलारी में नियमानुसार कार्ययोजना पास ही नहीं हुई है। कुटेशन की प्रक्रिया को अपनाए बिना ही जून से सितंबर 2021 तक 17 लाख 42 हजार 421 रुपये का खर्च दिखा दिया गया। आरोप है कि जून में चार लाख 22 हजार 210 रुपये खर्च हुए हैं। मुहम्मद रफी के घर से खालिद के घर सीसी टाइल्स निर्माण कार्य पर दो बार धनराशि खर्च हुई है। प्रशासनिक कार्य और सैनेटाइजर के छिड़काव के नाम पर 21 हजार 600 रुपये का भुगतान कर लिया गया। कई काम ऐसे हैं, जिनका पूर्व प्रधान के कार्यकाल में भी भुगतान हो चुका है। जुलाई माह में पांच लाख 65 हजार 759 रुपये खर्च किए गए हैं। इस दौरान भी फर्जी विकास दिखाकर निर्माण कार्य में घपला हुआ है। अगस्त माह में दो लाख 89 हजार 105 रुपये खर्च हुए हैं। इस दौरान ग्राम पंचायत में प्रशासनिक व्यय एवं टेंडर प्रक्रिया में 31 हजार 737 रुपये निकाल लिए गए। ऐसा कौन का प्रशासनिक कार्य हुआ, जिस पर इतनी रकम खर्च हो गई है। हैंडपंप रीबोर के नाम पर भी प्रधान और सचिव ने मिलकर गोलमाल किया है। रामलीला के आयोजन के नाम पर भी धनराशि निकाली गई है। इसके लिए फर्जी सीसी टाइल्स निर्माण दिखाकर एक लाख आठ हजार 338 रुपये निकाले गए हैं। आरोप है कि प्रशासक के कार्यकाल में भी ग्राम पंचायत में घपला हुआ है। तत्कालीन एडीओ पंचायत चंद्रपाल सिंह ने सचिव नरेश कुमार से मिलकर हैंडपंप रिपेयरिंग, स्ट्रीट लाइट एवं फागिंग मशीन के काम के लिए एक लाख 84 हजार 220 रुपये की धनराशि निकाली है। लेकिन, अभी तक मामले की जांच नहीं कराई गई है। आरोपितों के खिलाफ जांच कराकर कार्रवाई कराई जाए।

ग्राम पंचायत अक्का डिलारी में फर्जी विकास कार्य दिखाकर भुगतान करने के मामले की उन्हें जानकारी नहीं है। शिकायत मिलने पर जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई कराई जाएगी।

डा. नवदीप सिंह यादव, ब्लाक प्रमुख, मूंढापांडे

दशहरा के बाद हो सकती है कार्रवाई : ग्राम पंचायतों में करोड़ों रुपये का चूना लगाने वाले एडीओ पंचायत और ग्राम विकास अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई का खाका तैयार है। दो स्तर पर कार्रवाई की तैयारी चल रही है। दशहरे के बाद किसी भी कार्रवाई हो सकती है। अपर मुख्य सचिव, पंचायती राज विभाग मनोज कुमार सिंह के पास कार्रवाई के लिए फाइल पहुंच गई है। इधर, स्थानीय स्तर पर जांच के बाद रिपोर्ट उप निदेशक पंचायत एसके सिंह के पास पहुंच गई है। लेकिन, उन्हें भी सुबूूत का इंतजार है। इसलिए अभी तक कार्रवाई का मामला फंसा हुआ है।

 

Edited By: Narendra Kumar