मुरादाबाद, जागरण संवाददाता। भारत सकार के कपड़ा मंत्रालय में सचिव यूपी सिंह ने  इंडिया एक्सपो सेंटर और मार्ट का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने मार्ट की सुविधाओं को देखने और प्रमुख निर्यातकों के साथ हस्तशिल्प क्षेत्र से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा भी की।

हस्तशिल्प निर्यात संवर्धन परिषद (ईपीसीएच) के चेयरमैन राजकुमार मल्होत्रा ने स्वागत भाषण में ईपीसीएच की यात्रा और सेक्टर के निर्यात प्रदर्शन के बारे में जानकारी दी। ईपीसीएच के महानिदेशक और आइईएमएल के चेयरमैन डा. राकेश कुमार ने कपड़ा सचिव से संबंधित विभिन्न मुद्दों और बाधाओं को हल करने में हस्तक्षेप करने की अपील की। इसके साथ ही हस्तशिल्प निर्यात को मौजूदा 25 हजार करोड़ से बढ़ाकर 50 हजार करोड़ रुपये तक पहुंचाने के लिए भविष्य की योजनाओं के बारे में जानकारी दी। निर्यातकों ने हस्तशिल्प क्षेत्र के लिए निर्यात के लिए आवश्यक उपकरणों, ट्रिमिंग, कंज्यूमेबल टूल्स उपकरण के शुल्क मुक्त आयात के प्रावधान की बहाली, कंटेनरों के भाड़े को कम करने, शिपिंग लाइनों केनियामक निकाय की स्थापना, बी2बी ई-कॉमर्स की नीति, वेयरहाउसिंग सुविधा, जोखिम भरे निर्यातकों की सूची, ईजीएम त्रुटि सहित अन्य मुद्दे उठाए। एमएचईए के महासचिव अवधेश अग्रवाल ने आरओडीटीईपी दरों, एमईआइएस लाभों को जारी करने, जोखिम भरे निर्यातकों की सूची से संबंधित मामला, उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा हस्तशिल्प को कपड़ा उद्योग के तहत मान्यता देने पर विचार करने और कंटेनरों के ज्यादा किराए की तरफ ध्यान द‍िलाया। बैठक में ईपीसीएच के उपाध्यक्ष कमल सोनी, पूर्व अध्यक्ष रवि के पासी, अरशद मीर, अध्यक्ष, एचसीएसएससी, मुरादाबाद से सीओए सदस्य नीरज खन्ना व नबील अहमद, नजमुल इस्लाम, सहित देश भर के निर्यातक बैठक का हिस्सा बने।

वन व‍िभाग ने रुकवाया पेड़ों का कटान : अमरोहा के गजरौला में बस्ती मार्ग पर कुछ दुकानदारों द्वारा एक पेड़ का कटान किया जा रहा था। इसकी सूचना वन विभाग को दी गई। मौके पर पहुंचे वन कर्मियों ने कटान रुकवाते हुए औजारों को कब्जे में ले लिया है। मुहल्ला अतरपुरा निवासी प्रमोद अग्रवाल का कहना है कि उन्होंने दस साल पहले बस्ती मार्ग पर श्रमगढ़ी कार्यालय के सामने एक बरगद का पेड़ लगाया था। वह उसकी देखरेख करते हैं। आरोप है कि आसपास के कुछ दुकानदार उस पेड़ को काट रहे थे। उन्होंने इसकी जानकारी वन विभाग के कर्मियों को दी। मौके पर पहुंच कर्मियों ने कटान रुकवाते हुए औजारों को कब्जे में ले लिया है। वन रक्षक शाह आलम ने बताया कि बिजली के तारों से पेड़ टकराने पर उसे थोड़ा काटा जा रहा था।

 

Edited By: Narendra Kumar