मुरादाबाद, जागरण संवाददाता। अवैध तमंचा और कारतूस के मामले में पुलिस ने छापेमारी करके नौ आरोपितों को गिरफ्तार किया। चार अलग-अलग थानों की पुलिस ने 11 तमंचे, 49 कारतूस के साथ ही लाइसेंसी दुनाली बंदूक के साथ ही दो एयरगन बरामद की हैं। एसपी सिटी अमित कुमार आनंद ने बताया कि कारतूसों और तमंचों की सप्लाई कहां और किनके पास की जाती थी, उन लोगों के बारे में पता लगाया जा रहा है। लाइसेंसी बंदूक का लाइसेंस निरस्त किया जाएगा।

एसपी सिटी ने बताया कि बीते दिनों ने शहरी क्षेत्र के सभी थाना प्रभारियों को अवैध शस्त्र और कारतूसों की रोकथाम करने के लिए निर्देश जारी किए गए थे। इस दौरान बुधवार को सिविल लाइंस थाना पुलिस गन्ना भवन के पास चेकिंग कर रही थी। इस दौरान बाइक सवार दो युवक पुलिस को देखकर भागने की कोशिश में फिसलकर गिर गए। पुलिस कर्मियों ने दौड़कर उन्हें पकड़ लिया। तलाशी में उनके पास से तीन तमंचे और तीन कारतूस बरामद हुए। पूछताछ में आरोपितों ने बताया कि वह शुहेब निवासी करूला थाना कटघर से तीन हजार रुपये में तमंचा खरीदने के बाद उसे साढ़े चार हजार रुपये में बेच देते हैं।

घर में चलती मिली तमंचा फैक्ट्री : पकड़े गए युवकों से जानकारी मिलने के बाद मझोला थाना पुलिस के साथ जयंतीपुर चौकी क्षेत्र के पेठे वाली गली में शुहेब के खाली आवास पर छापेमारी की। यहां पर अवैध तमंचा बनाने की पूरी फैक्ट्री चलाई जा रही थी। पुलिस ने यहां से पांच तमंचे, तीन अधबने तमंचे के साथ ही 24 पिस्टल के कारतूस और आठ बंदूक के कारतूस के साथ ही कट्टा बनाने की मशीन व अन्य उपकरण बरामद किए। पुलिस ने यहां से जीकन निवासी अब्बास वाली मस्जिद मुगलपुरा को गिरफ्तार किया। वहीं दूसरी कार्रवाई कटघर और गलशहीद थाना पुलिस ने संयुक्त रूप से की। यहां पर पुलिस ने चेकिंग के दौरान चार आरोपितों को गिरफ्तार किया। गलशहीद थाना पुलिस ने अरसलान निवासी जाहिद नगर कटघर, शाबेज निवासी गुइयां बाग मुगलपुरा, आसिफ निवासी रहमतनगर कटघर को गिरफ्तार किया। इनके पास से हाथ से बने नौ कारतूस बरामद हुए। वहीं, कटघर थाना पुलिस ने शाकिब निवासी दौलतबाग थाना नागफनी व शरीफउद्दीन निवासी ताजपुर माफी थाना कटघर के पास से आठ कारतूस बरामद किए। पकड़े गए आरोपितों ने बताया कि वह नया मुरादाबाद निवासी सलमान चाचा नामक व्यक्ति से कारतूसों को खरीदकर बेचते थे। 

सऊदी से नौकरी छूटी तो यूट्यूब में देखकर सीखा तमंचा बनाना : मझोला थाना क्षेत्र में पकड़े गए शुहेब ने बताया कि वह सऊदी अरब में पहले काम करता था। वहां से नौकरी छूटने के बाद वह मुरादाबाद आकर एक फर्म में मुंशी की नौकरी करने लगा था। इस दौरान वह गलशहीद थाना क्षेत्र में गोकुशी के मामले में एक बार जेल गया। लाकडाउन में नौकरी छूटने के बाद उसने यूट्यूब में तमंचा बनाने का तरीका सीखा था और तमंचा बनाकर बेचने लगा। पुलिस ने बताया कि शुहेब के पास मिले कारतूस हैंडमेड नहीं हैं, जबकि गलशहीद और कटघर थाना क्षेत्र के पकड़े गए पांच आरोपितों के पास मिले कारतूस हैंडमेड हैं। 

Edited By: Narendra Kumar