मुरादाबाद, जेएनएन। Farmers preparing to agitate again : केंद्र सरकार की ओर से तीनों कृषि कानून वापस लेने के बाद भी किसानों ने एक साल से चल रहे अपने आंदोलन को स्थगित कर दिया था। लेकिन अब वे फिर से आंदोलन करने की तैयारी कर रहे हैं। उनका कहना है कि एमएसपी गारंटी कानून हमारे लिए अहम है। इसको लाने के लिए यूपी विधानसभा चुनाव 2022 के बाद आंदोलन किया जाएगा। इसके लिए मुरादाबाद में भारतीय किसान यूनियन असली की सोमवार को मंडलीय बैठक हुई। जबकि आचार संहिता लागू है। जबरन बैठक करने पर अड़े किसान नेताओं की पुलिस से जमकर बहस हुई।

आचार संहिता लगी होने के बावजूद किसान नेताओं के आम्बेडकर पार्क में बैठक करने की सूचना सीओ सिविल लाइंस को मिली तो वह टीम के साथ पहुंचे और बैठक को आचार संहिता का उल्लंघन बताया। किसान नेता बैठक करने पर अड़े रहे। यह मुद्दा एसएसपी बबलू कुमार तक पहुंच गया। राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी हरपाल सिंह ने कहा कि एमएसपी गारंटी कानून हमारे लिए अहम है। चुनाव बाद इसके लिए आंदोलन छेड़ा जाएगा। उन्होंने किसानों से कृषि हितों को ध्यान में रखकर वोट देने की अपील की। राष्ट्रीय महासचिव महक सिंह ने बताया कि वह कोई धरना प्रदर्शन करने के लिए एकत्र नहीं हुए थे।

बैठक करके किसानों के हितों की बात करने वाले राजनीतिक दल को वोट देने संबंधी चर्चा करनी थी। लेकिन, एसएसपी ने बिना मास्क के बैठक को कोरोना का उल्लंघन बताया और मास्क लगाकर शांति पूवर्क बैठक करने को कहा। बैठक में विधानसभा चुनाव के मद्देनजर किसानों से खेती के मुददों को ध्यान में रखते हुए वोट देने की अपील की गई। इसके अलावा एमएसपी.पर फसलों की खरीद की गारंटी के लिए आंदोलन छेड़ने की रणनीति तय की गई।

बैठक में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सुरेन्द्र सिंह, राष्ट्रीय सलाहकार कैलाश त्यागी, राष्ट्रीय प्रवक्ता हरीश, मंडल अध्यक्ष चौधरी डूंगर सिंह,चौ.समरपाल सिंह, चौधरी महावीर सिंह अमरोहा, राजपाल सिंह यादव सम्भल,उमर अली रामपुर, किशनपाल सिंह राठौड़ बदायूं, परविंदर सिंह बिजनौर ने विचार रखे।

Edited By: Samanvay Pandey