मेरठ, जागरण संवाददाता। मेरठ के मोदीपुरम में प्रोपर्टी विवाद में अपने पिता को गोली मारकर मौत के घाट उतारने वाला रोहित उर्फ मोंटू ने छह महीने में छह बार अंजाम भुगतने की धमकी दे चुका था। रोहित को डर था कि कहीं उसके पिता प्रोपर्टी में अपने बेटी को हिस्सा न बांट दें। मगर, रोहित के इरादों को उसके स्वजन समझ नहीं सके, जिसका नतीजा यह रहा कि शनिवार को रोहित ने अपने दोस्त संग मिलकर अपने पिताको गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया। दोनों हत्यारोपित पुलिस पकड़ से दूर हैं। पुलिस ने रविवार को भी उसके नाते-रिश्तेदार और दोस्तों के यहां भी दबिश दी, मगर सुराग नहीं लग सका।

कंकरखेड़ा के नंगलाताशी निवासी प्रोपर्टी डीलर सुकरमपाल का गोली लगा शव शनिवार रात को लाला मोहम्मदपुर के रास्ते में स्विफ्ट कार के अंदर से बरामद हुआ था। पुलिस ने स्टार्ट कार का शीशा तोड़कर पहले उसे बंद किया, फिर फोरेंसिक टीम ने मौका मुआयना कर साक्ष्य जुटाए। एसएसपी, एसपी सिटी, सीओ दौराला और इंस्पेक्टर कंकरखेड़ा ने घटनास्थल का मुआयना किया था।

पुलिस ने शनिवार रात में ही मृतक की पत्नी कुसुम की तहरीर पर केस दर्ज करते हुए हत्याकांड़ का राजफाश कर दिया था। जिसमें कुसुम ने अपने बेटे रोहित और भदौड़ा गांव निवासी देवेंद्र भदौडिय़ा पुत्र हरस्वरूप पर गोली मारकर हत्या करने का आरोप लगाया था। रविवार को पुलिस टीम सबसे पहले भदौड़ा गांव, फिर रोहित की टीपीनगर स्थित ससुराल समेत दोनों के रिश्तेदारों और दोस्तों के घर दबिश दी, मगर दोनों का सुराग नहीं लगा। इंस्पेक्टर तपेश्वर सागर का कहना है कि पुलिस टीम काम कर रही है, जल्द ही दोनों हत्यारेापित गिरफ्त में होंगे।

जिसे अंगुली पकड़कर चलना सिखाया, उसी ने किया कत्ल

मृतक सुकरमपाल के स्वजन इस बात से हैरत में हैं कि आखिर जिस पिता ने अपने बच्चे को अंगुली पकड़कर चलना सिखाया, उसी ने प्रोपर्टी के कारण पिता को मौत के घाट उतार दिया। एक तरफ जहां कुसुम अपने पति की मौत के गम में हैं, वहीं दूसरी ओर कुसुम पति के हत्यारे अपने बेटे को सजा दिलाने की पुलिस से गुहार लगा रही है।

Edited By: Prem Dutt Bhatt