मेरठ, जेएनएन। Meerut Weather Update मेरठ और आसपास के जिलों में सावन माह के दूसरे सोमवार को कुछ स्‍थानों पर बूंदाबांदी के चलते मौसम सुहावना हो गया। दोपहर तक धूप रही। इनदिनों मानसून की बारिश का दौर जारी है। अभी कुछ दिनों तक मौसम ऐसे ही बना रहेगा। 26 और 27 जुलाई को भारी बारिश होने की आशंका जताई जा रही थी, उसके बाद से बारिश का दौर बना हुआ है।

बाइक सवार बहा 

इस बीच सहारनपुर के बेहट में शिवालिक की पहाडिय़ों पर हुई भारी वर्षा के बाद घाड़ क्षेत्र की बरसाती नदियों ने एक बार फिर रौद्र रूप दिखाया, जिससे कई गांवों का आपस में घंटों संपर्क कटा रहा। यही नहीं पुरानी यमुना नदी पार करते हुए बाइक सवार युवक अचानक आई बाढ़ की धार में बह गया, जिसे आसपास के लोगों ने मुश्किल से निकाला। वहीं शामली में दिनभर बादल छाए रहे और दोपहर बाद बूंदाबांदी हुई। अधिकतम तापमान में कमी आई है, लेकिन उमस बढ़ी रही। तापमान अधिकतम 31.4 और न्यूनतम 24.2 डिग्री सेल्सियस रहा।

सहारनपुर में नदियां उफान पर

सहारनपुर के बेहट में शिवालिक पहाडिय़ों पर बारिश होते ही घाड़ क्षेत्र की नदियां उफान पर आ जाती हैं। हालांकि नदियों मे कुछ घंटे ही पानी होता है। लेकिन बहाव इतना तेज होता है कि कम पानी भी खतरनाक बन जाता है। सोमवार दिन में हालांकि मैदानी क्षेत्र में तो इतनी बरसात नहीं थी। लेकिन शिवालिक पहाडिय़ों में भारी वर्षा हुई, जिसके चलते यहां से निकलने वाली घाड़ क्षेत्र की तमाम नदियां उफान पर आ गईं। पुरानी यमुना नदी ने भी अपना पूरा रौद्र रूप दिखाया। मिर्जापुर क्षेत्र के सिकंदरपुर गांव का नरेश पुत्र रामकिशन बाइक द्वारा सैद मोहम्मदपुर गढ़ (भुड्डी) से लौट रहा था। जब वह पुरानी यमुना नदी के बीच में पहुंचा तो अचानक बाढ़ की तेज धार आई और वह अपने आप को संभाल नहीं पाया और धार में बह गया। आसपास से दौड़े लोगों ने उसे काफी आगे सुरक्षित निकाल लिया। ऐसी स्थिति अन्य नदियों में भी कई जगह बताई जा रही है, जहां अचानक आई बाढ़ में लोग फंस गए और उन्हें अन्य लोगों ने बचाया।

दोपहर बाद बूंदाबांदी, तापमान गिरा, उमस बढ़ी रही

शामली में रविवार को सुबह हल्की बारिश हुई थी और दिनभर बादल छाए रहे थे। बारिश के बाद उमस बढ़ गई थी। सोमवार सुबह बादल छाए थे, लेकिन उमस काफी अधिक थी और पसीना-पसीना कर रही थी। दोपहर में तीन बजे के बाद मौसम ने करवट बदली और काले घने बादलों से आसमान घिर गया। उम्मीद अच्छी बारिश की थी, लेकिन कुछ ही देर रुक-रुककर बूंदाबांदी ही हुई। ऐसे में उमस में और इजाफा हो गया। काले बादल छट गए। वहीं, चिकित्सकों का कहना है कि इस मौसम में स्वास्थ्य का ध्यान रखें और सावधानी बरतें। चिकित्सक डा. दीपक कुमार ने बताया कि पानी को उबालने के बाद ठंडा कर पिएं। कटे-फटे फलों का सेवन न करें और साफ-सफाई का ध्यान रखें। वहीं, कृषि विज्ञान केंद्र शामली के वैज्ञानिक डा. विकास मलिक ने बताया कि लगातार ही बारिश हो रही है। ऐसे में धान में सिंचाई का संकट नहीं है।

Edited By: Prem Dutt Bhatt