सहारनपुर, जागरण संवाददाता। UP Religious Conversion नौकरी की तलाश में उत्तराखंड से राजस्थान गए एक युवक का पिस्टल के बल पर मतांतरण करा दिया गया। वह भागकर पहले मुजफ्फरनगर, फिर सहारनपुर पहुंचा। उसने हिंदू संगठनों के साथ मिलकर एसपी सिटी को शिकायत दी। मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं। हालांकि अभी मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है।

मुस्लिम समाज के युवक मिले

नैनीताल तल्लीताल निवासी नितिन पंत ने बताया कि वर्ष 2010 में वह नौकरी की तलाश में अलवर जिले के भिवाड़ी में गया था। यहां पर जब उसे नौकरी नहीं मिली तो उसे मुस्लिम समाज के युवक मिले। आरोप है कि ये युवक उसे राजस्थान के मेवात के गांव पंचगावा में ले गए। यहां पर कुछ मौलवियों ने उसे पिस्टल दिखाकर जबरन मतांतरण कराया। इसके बाद उसे एक बंद कमरे में कई दिन तक भूखा रखा गया।

नाम भी बदला, शादी का दिया लालच

उसे इस्लाम धर्म के बारे में शिक्षा दी जाती थी। यदि वह विरोध करता था तो करंट दिया जाता था। उसका नाम बदलकर अलीहसन रख दिया गया। शुरुआत में उसे सुंदर लड़की से शादी कराने का लालच दिया गया, लेकिन बाद में मना कर दिया गया। इसके बाद उसे मुजफ्फरनगर के एक मदरसे में भेज दिया गया। यहां से भी उसे सहारनपुर के एक मदरसे में भेज दिया गया। किसी तरह से वह यहां से भागकर हिंदू संगठन के लोगों के पास पहुंचा तो एसपी सिटी को तहरीर दी गई। एसपी सिटी राजेश कुमार का कहना है कि मामले की जांच कराई जा रही है। जल्द ही मुकदमा दर्ज किया जाएगा।

मुजफ्फरनगर के एक मदरसे में भी पीटा गया

नितिन पंत का कहना है कि मुजफ्फरनगर के मदरसे में उसे विरोध करने पर बुरी तरह से पीटा गया। जब उसने अधिक विरोध किया तो उसे सहारनपुर के मदरसे में भेज दिया। यहां भी उसे टार्चर किया गया।

इनका कहना है

युवक भागकर हमारे पास पहुंचा है। हमने उसकी मदद की और पुलिस अधिकारियों से मिलवाया। हम नितिन का शुद्धिकरण कराकर वापस उसे हिंदू बनाएंगे। सरकार को ऐसे लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए।

- निपुण भारद्वाज, बजरंग दल नेता

Edited By: Prem Dutt Bhatt