मेरठ। सीएम योगी आदित्यनाथ मंगलवार को बड़ौत में दिल्ली-यमुनोत्री हाईवे शिलान्यास के दौरान जनसभा में गन्ना भुगतान पर सख्त तेवर दिखाने से किसानों को अब जल्द भुगतान की उम्मीद जगी है। योगी के मलकपुर चीनी मिल को सोफ्ट लोन देने के ऐलान से तो इस क्षेत्र के हजारों किसानों के चेहरों पर चमक आ गई है, क्योंकि अब उन्हें पंद्रह अक्टूबर से पहले गन्ना भुगतान मिलने की उम्मीद है।

दरअसल बागपत के किसानों को चीनी मिलों पर कुल 750 करोड़ रुपये गन्ना भुगतान बकाया है। सबसे ज्यादा 446 करोड़ रुपये मलकपुर चीनी मिल पर गन्ना भुगतान बकाया है। सहकारी चीनी मिल बागपत पर 69.15 करोड़ रुपये तथा चीनी मिल रमाला पर 56.49 करोड़ रुपये बकाया है। बाकी पैसा दूसरे जिलों की चीनी मिलों पर है। सहकारी चीनी मिलों से जुड़े किसानों में भी खुशी है, क्योंकि योगी ने पंद्रह सितंबर तक चीनी मिलों को पैसा देने का ऐलान जो किया है। गौरतलब है कि गन्ना भुगतान नहीं मिलने से हजारों किसान आर्थिक रूप से टूटे हैं। बच्चों की स्कूलों की फीस तक नहीं चुका पा रहे हैं और बीमारों को इलाज कराने तक को पैसा नहीं है। अब योगी के तेवरों से किसानों को लगने लगा है कि गन्ना भुगतान के लिए और इंतजार नहीं करना पड़ेगा।

सटीक निकली जागरण की खबर

बागपत: सीएम योगी आदित्यनाथ ने बड़ौत जनसभा में मलकपुर चीनी मिल को कर्ज देकर किसानों को गन्ना भुगतान कराने का ऐलान किया है। बता दें कि दैनिक जागरण के नौ सितंबर के अंक में 'कर्ज लेकर गन्ना भुगतान करेगी मलकपुर चीनी मिल' शीर्षक से प्रमुखता से खबर छपी है। बता दे कि इस खबर में सूत्रों के हवाले से बताया गया था कि सरकार मलकपुर चीनी मिल को कर्ज देने पर सहमत हो गई है। साफ है कि जागरण की खबर बिल्कुल सटीक रही।

Posted By: Jagran