शामली, जागरण संवाददाता। भैंसवाल गांव निवासी बत्तीसा खाप के चौधरी उदयवीर सिंह का निधन हो गया है। वह करीब 91 वर्ष के थे। उन्‍होंने शनिवार देर रात पानीपत में अंतिम सांस ली। रविवार सुबह भैंसवाल मालैंडी मार्ग स्थित कृषि फार्म पर अंतिम संस्कार किया गया।

1980 में बने थे खाप के चौधरी

उदयवीर सिंह 1980 में बत्तीसा खाप के चौधरी बने। उनसे पहले उनके पिता मायाराम चौधरी खाप के चौधरी थे। वह अपने पीछे दो पुत्र, चार पौत्र समेत भरा-पूरा परिवार छोड़कर गए हैं। उनके बड़े पुत्र विनय पंवार गांव में रहते हैं और छोटे पुत्र अजय पंवार पानीपत रहते हैं। उदयवीर सिंह पिछले करीब आठ माह से पानीपत में ही बेटे के पास रह रहे थे। अजय पंवार ने बताया कि कुछ दिन पूर्व अस्पताल में भर्ती रहे थे, लेकिन फिलहाल घर पर ही थे। शनिवार रात करीब 11.30 बजे अंतिम सांस ली और वह सुबह पार्थिव शरीर लेकर गांव में आए। गांव और क्षेत्र के काफी संख्या में लोग अंतिम यात्रा में शामिल रहे। भैंसवाल मालैंडी मार्ग स्थित कृषि फार्म पर अंतिम संस्कार किया गया। उनके निधन पर राजनीतिक दलों, सामाजिक संगठनों व गणमान्‍य लोगों ने शोक प्रकट किया है।

कुश्ती चैंपियन थे उदयवीर सिंह

बत्तीसा खाप के चौधरी उदयवीर सिंह पहलवान थे और उनका नाम कुश्ती चैंपियन के रूप में दूर-दूर तक था। 1950 में उन्‍होंने रोहतक के एक कालेज से बीएड की शिक्षा प्राप्‍त की थी। उनके पुत्र अजय पंवार ने बताया कि वह कुश्ती के चैंपियन रहे थे। उदयवीर सिंह लंबे समय तक अपर दोआब चीनी मिल शामली में सीनियर आब्जर्वर के पद पर कार्यरत रहे।

शिक्षा के क्षेत्र में किया काम

चौधरी उदयवीर सिंह ने कक्षा दस की पढ़ाई शामली में वैश्य कालेज से की थी और उसी समय एक और इंटर कालेज की मांग को प्रमुखता से उठाया था। शहर के राष्ट्रीय किसान इंटर कालेज के निर्माण में उनका योगदान रहा। वह राष्ट्रीय किसान इंटर कालेज के प्रबंधक भी रहे। भैंसवाल गांव में कल्याण देव इंटर कालेज के भी संस्थापक प्रबंधक रहे। सपा के।वरिष्ठ नेता एवं राज्य योजना आयोग के पूर्व सदस्य प्रोफेसर सुधीर पंवार ने कहा है कि उदयवीर सिंह ने समाज हित में हमेशा कार्य किया है। उनका जाना समूचे समाज को बड़ी क्षति है।

 

Edited By: Prem Dutt Bhatt