मऊ के मधुबन में सरयू नदी में नहाते समय भाई को बचाने में सगी बहनें डूबीं, प्रशासन तलाश में जुटा
मऊ के मधुबन में सरयू नदी में नहाने गईं दो सगी बहनें बुधवार सुबह डूब गईं। प्रशासन ने एनडीआरएफ को ...और पढ़ें

मऊ में सरयू नदी में डूबीं दो बहनें, तलाश जारी।
HighLights
मऊ के मधुबन में सरयू नदी में हादसा।
नहाने गईं दो सगी बहनें नदी में डूबीं।
एनडीआरएफ की टीम तलाश में जुटी।
जागरण संवाददाता, मऊ। गजियापुर में बुधवार को एक हृदयविदारक हादसे ने पूरे इलाके को शोक में डुबो दिया। सरयू नदी में स्नान के दौरान डूब रहे अपने भाई की जान बचाने के प्रयास में दो सगी बहनें नदी की तेज धारा में बह गईं। देर शाम तक दोनों बच्चियों का कोई सुराग नहीं मिल सका था। पुलिस, प्रशासन, गोताखोरों और ग्रामीणों की मदद से लगातार उनकी तलाश में जुटी हुई है।
क्षेत्र के गजियापुर निवासी किसान रामविलास यादव अपने परिवार के साथ एकादशी पर्व पर बुधवार को लगभग 10 बजे सरयू नदी में स्नान करने गए थे। उनके साथ पत्नी, दो पुत्रियां, एक पुत्र, भाई का परिवार तथा गांव के अन्य लोग भी मौजूद थे। बताया जाता है कि लगभग 20 से 25 लोग ट्रैक्टर-ट्रॉली से नदी तट पर पहुंचे थे।

स्नान के दौरान रामविलास यादव का पुत्र 10 वर्षीय निर्भय अचानक गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा। भाई को संकट में देखकर बड़ी बहन 20 वर्षीया प्रियांशु बिना देर किए नदी में कूद गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार प्रियांशु ने साहस का परिचय देते हुए अपने भाई को धक्का देकर सुरक्षित स्थान की ओर पहुंचा दिया, इससे उसकी जान बच गई। लेकिन इसी दौरान वह स्वयं नदी की तेज धारा में फंस गई और डूबने लगी।
जब छोटी बहन 14 वर्षीया प्रतिज्ञा ने अपनी बड़ी बहन को पानी में संघर्ष करते देखा तो वह भी उसे बचाने के लिए नदी में उतर गई। हालांकि नदी की गहराई और तेज बहाव के कारण वह भी धारा में समा गई। देखते ही देखते दोनों बहनें लापता हो गईं। घटना के बाद नदी तट पर अफरा-तफरी मच गई और स्वजन में चीख-पुकार शुरू हो गई।

सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर जुट गए, और अपने स्तर से दोनों बच्चियों की तलाश शुरू कर दिया , लेकिन कई घंटों की खोजबीन के बाद भी उनका कोई पता नहीं चल सका। बाद में गोताखोरों की मदद से नदी में व्यापक तलाशी अभियान चलाया जा रहा है।
घटना की जानकारी पाकर क्षेत्राधिकारी दिनेश दत्त मिश्र , तहसीलदार धर्मेंद्र पांडेय, नायब तहसीलदार गौरव प्रताप सिंह , प्रभारी निरीक्षक केके गुप्त पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। और स्वजन तथा ग्रामीणों से घटना की जानकारी ली। प्रशासन की निगरानी में गोताखोरों और स्थानीय लोगों की मदद से दोनों बच्चियों की तलाश जारी था ।
