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ब्रज के संत रमेश बाबा को श्रद्धांजलि देने को उमड़ेंगे देश विदेश से भक्त, 12 अक्टूबर को लेकर तैयारियां

By Virendra Kumar Verma Edited By: Prateek Gupta
Published: Thu, 08 Oct 2026 08:29 PM (IST)

ब्रज के विरक्त संत पद्मश्री रमेश बाबा को 12 अक्टूबर को बरसाना के गहवर वन स्थित रस मंडप में श्रद्धांजलि ...और पढ़ें

बरसाना में बन रहा मान मंदिर। इनसेट में रमेश बाबा का फाइल फोटो।

बरसाना में बन रहा मान मंदिर। इनसेट में रमेश बाबा का फाइल फोटो।

HighLights

  1. 12 अक्टूबर को संत रमेश बाबा की श्रद्धांजलि सभा।

  2. 23 अक्टूबर को माताजी गौशाला में विशाल भंडारा आयोजित।

संवाद सूत्र, बरसाना (मथुरा)। ब्रजरज में विलीन हो चुके ब्रज के विरक्त संत एवं मान मंदिर के महंत पद्मश्री रमेश बाबा को श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए 12 अक्टूबर को श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया जाएगा। श्रद्धांजलि सभा में बाबा के हजारों भक्त उन्हें श्रद्धा सुमन अप्रित करने के लिए पहुंचेंगे।

मंगलवार को ब्रज के विरक्त संत रमेश बाबा महाराज का गोलोक वास होने के बाद उनके पार्थिव शरीर को बुधवार को मुखाग्नि दी गई। जिसके बाद सोमवार को गहवर वन स्थित रस मंडप में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया जाएगा। श्रद्धांजलि सभा में देश-विदेश से संत-महात्मा, अनुयायी और श्रद्धालु शामिल होकर बाबा को श्रद्धा सुमन अर्पित करेंगे।

रमेश बाबा के गोलोकवासी होने के बाद से ही उनके प्रति अगाध श्रद्धा रखने वाले साधु-संत, अनुयायी और देश के विभिन्न राज्यों से श्रद्धालुओं के बरसाना पहुंचने का सिलसिला जारी है। मान मंदिर सेवा संस्थान के कार्यकारी अध्यक्ष राधाकांत शास्त्री ने बताया कि संत रमेश बाबा महाराज ने अपना संपूर्ण जीवन श्रीराधा रानी की भक्ति, ब्रजभूमि की सेवा, गौसेवा तथा ब्रज की संस्कृति और पर्यावरण संरक्षण के लिए समर्पित कर दिया।

बाबा के प्रति देश ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी हजारों भक्तों की गहरी आस्था रही है। उन्होंने बताया कि 12 अक्टूबर, सोमवार को दोपहर बाद 2 बजे से 5 बजे तक गहवर वन स्थित रस मंडप में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में देश के विभिन्न क्षेत्रों से संत-महात्मा, धार्मिक एवं सामाजिक संगठनों से जुड़े लोग तथा बाबा के अनुयायी शामिल होंगे।

विदेशों में रहने वाले भक्त भी अपने आराध्य संत को श्रद्धांजलि देने के लिए ब्रजभूमि पहुंचने की तैयारी कर रहे हैं। राधाकांत शास्त्री ने कहा कि संत रमेश बाबा महाराज का जीवन आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत रहेगा। उन्होंने ब्रज की रज, गौवंश, वृक्षों और ब्रज संस्कृति को अपना जीवन समर्पित कर दिया। उनके निधन से ब्रजभूमि ने एक महान संत और सच्चा ब्रजसेवक खो दिया है।

गुरुवार को संत रमेश बाबा को श्रद्धांजलि देने प्रसिद्ध भगवताचार्य रमेश भाई ओझा जी, ब्रज तीर्थ विकास परिषद के उपाध्यक्ष शैलजाकांत मिश्र, विहिप के दिनेश जी, बिहारी दास भक्त माली वृंदावन, विष्णुकांत शास्त्री आदि माताजी गौशाला पहुंचे।

23 अक्तूबर को होगा विशाल भंडारा

ब्रजरज में विलीन हो चुके संत रमेश बाबा की याद में 12 अक्टूबर को श्रद्धांजलि सभा होगी तो वही 23 अक्तूबर को माताजी गौशाला में विशाल भंडारा होगा। जिसमें हजारों बृजवासी, भक्त प्रसाद ग्रहण करने के लिए उमड़ेंगे। वहीं 24 अक्तूबर से हर वर्ष की तरह निरंतर राधारानी ब्रजयात्रा का शुभारंभ होगा। जिसके लिए मान मंदिर संस्थान के लोग तैयारी कर रहे है।

मान मंदिर के सचिव सुनील सिंह बताते है कि बाबा के सपना था कि हम रहे न रहे, लेकिन राधारानी ब्रजयात्रा कभी भी रुकनी नहीं चाहिए। कोरोना काल में भी ब्रजयात्रा निकाली गई। इस बार भी 24 अक्तूबर से प्रारंभ होगी। उससे पहले 23 अक्तूबर को बाबा की याद में विशाल भंडारा का आयोजन माताजी गौशाला में होगा।

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