अब बायोमेट्रिक और रेटिना फेल होने पर भी मिलेगा राशन, नई व्यवस्था से कार्डधारकों को बड़ी राहत
खाद्य एवं रसद विभाग ने राशन वितरण के लिए नई वैकल्पिक व्यवस्था की है, जिससे बायोमेट्रिक या आइरिस स्कैन फेल ...और पढ़ें

इस फोटो को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।
HighLights
बायोमेट्रिक या आइरिस फेल होने पर भी राशन मिलेगा।
खाद्य विभाग ने लाभार्थियों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की है।
अंतिम दिन मोबाइल ओटीपी से राशन प्राप्त कर सकेंगे।
जागरण संवाददाता, महराजगंज। राशन की दुकान पर अंगुलियों के निशान का मिलान नहीं होने या आइरिस स्कैन से आधार सत्यापन न हो पाने पर भी पात्र लाभार्थियों को निश्शुल्क खाद्यान्न से वंचित नहीं होना पड़ेगा। इसके लिए खाद्य एवं रसद विभाग ने वैकल्पिक व्यवस्था की है।
हालांकि, खाद्यान्न वितरण में पहली प्राथमिकता बायोमीट्रिक सत्यापन को ही दी जाएगी। इसके सफल नहीं होने पर आइरिस स्कैन से सत्यापन कराया जाएगा। वृद्धावस्था, दिव्यांगता या अन्य विशेष कारणों से इन दोनों माध्यमों से सत्यापन नहीं होने की स्थिति में वितरण चक्र के अंतिम दिन मोबाइल ओटीपी के माध्यम से राशन प्राप्त किया जा सकेगा।
जिला पूर्ति अधिकारी संतोष विक्रम शाही ने बताया कि राशनकार्डधारकों को उचित दर की दुकानों पर ई-वेइंग स्केल से जुड़ी ई-पॉस मशीन के माध्यम से आधार प्रमाणीकरण कराकर खाद्यान्न वितरित किया जाता है। यदि किसी लाभार्थी की अंगुलियों के निशान का मिलान नहीं होता है तो आइरिस स्कैन के जरिए आधार प्रमाणीकरण की व्यवस्था है। इसके बाद भी सत्यापन नहीं हो पाने पर राशनकार्ड में शामिल परिवार का कोई अन्य सदस्य निर्धारित प्रक्रिया पूरी कर खाद्यान्न प्राप्त कर सकता है।
उन्होंने बताया कि कुछ लाभार्थी वृद्धावस्था, दिव्यांगता, कुष्ठ रोग या अन्य विशेष कारणों से बायोमीट्रिक और आइरिस स्कैन के माध्यम से सत्यापन कराने में असमर्थ होते हैं।
ऐसे पात्र लोगों की खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक वितरण चक्र के अंतिम दिन मोबाइल ओटीपी आधारित खाद्यान्न वितरण की सुविधा दी गई है। इस सुविधा का लाभ लेने के लिए संबंधित लाभार्थी का मोबाइल नंबर विभागीय पोर्टल पर ओटीपी आधारित वितरण के लिए पंजीकृत होना अनिवार्य है।
सितंबर में 711 कार्डधारकों ने ओटीपी से लिया राशन
महराजगंज। विभागीय आंकड़ों के अनुसार, सितंबर 2026 में महराजगंज जिले में कुल 4,95,923 राशनकार्डधारकों को खाद्यान्न वितरित किया गया। इनमें से 4,95,212 कार्डधारकों ने बायोमीट्रिक सत्यापन के माध्यम से राशन प्राप्त किया, जबकि 711 कार्डधारकों ने मोबाइल ओटीपी के जरिए खाद्यान्न लिया।
