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तेजी से आगे बढ़ेगा सिद्धार्थनगर-प्रयागराज कॉरिडोर का काम, दिसंबर से शुरू होगा शाहगंज-मुंगराबादशाहपुर हाईवे का निर्माण

Published: Sun, 04 Oct 2026 05:00 PM (IST)

Siddharthnagar-Prayagraj Corridor: कॉरिडोर का उद्देश्य बौद्ध सर्किट को मजबूत करना और कपिलवस्तु को सीधे संगमनगरी प्रयागराज से जोड़ना है।

शाहगंज-मुंगराबादशाहपुर मार्ग का काम शुरू

 शाहगंज-मुंगराबादशाहपुर मार्ग का काम शुरू 

HighLights

  1. जौनपुर जिले से 68 किमी लंबे हाईवे के निर्माण से सुगम होगी कॉरिडोर की राह

  2. मुख्यमंत्री कार्यालय को भेजा गया फोरलेन बनाने का प्रस्ताव

  3. दो वर्ष में बन जाएंगे उत्तर से दक्षिण जोड़ने वाले दो कॉरिडोर

राज्य ब्यूरो, लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल प्रदेश में प्रस्तावित छह नार्थ-साउथ हाईवे कारिडोर में शामिल नेपाल सीमा पर स्थित पिपरी (सिद्धार्थनगर) से प्रयागराज कॉरिडोर का कार्य अब तेजी से आगे बढ़ेगा। यह कॉरिडोर पिपरी (नेपाल सीमा), बांसी, सिद्धार्थनगर, बस्ती, संत कबीर नगर, अम्बेडकरनगर, जौनपुर, सुल्तानपुर और प्रतापगढ़ होते हुए प्रयागराज तक पहुंचेगा।

कपिलवस्तु–प्रयागराज नॉर्थ–साउथ कॉरिडोर को उत्तर प्रदेश शासन से औपचारिक मंजूरी मिलने के बाद काम ने गति पकड़ ली है। इस कॉरिडोर का उद्देश्य बौद्ध सर्किट को मजबूत करना और कपिलवस्तु को सीधे संगमनगरी प्रयागराज से जोड़ना है। इससे धार्मिक, सांस्कृतिक और पर्यटन दृष्टि से क्षेत्र को राष्ट्रीय पहचान मिलेगी तथा आवागमन सुगम होगा।

कॉरिडोर के 30 किमी लंबे टांडा-सुरहुरपुर मार्ग तथा 68 किमी लंबे शाहगंज-मुंगराबादशाहपुर मार्ग को चार लेन बनाने का प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है। शाहगंज-मुंगराबादशाहपुर मार्ग का काम शुरू कराने की फाइल मुख्यमंत्री कार्यालय भेजी गई है। लोक निर्माण विभाग दिसंबर से इस खंड को फोरलेन का कार्य शुरू कराने की तैयारी में है।

पिपरी-सिद्धार्थनगर-प्रयागराज कॉरिडोर की कुल लंबाई 295 किमी है, जिसमें से 107 किमी सड़क को फोरलेन बनाने का कार्य लोक निर्माण विभाग को करना है। पिपरी से बर्डपुर तक 9.4 किमी को फोरलेन करने का कार्य पिछले वित्तीय वर्ष 2025-26 में स्वीकृत किया गया था।

अब इस कॉरिडोर के दो बड़े खंड 30 किमी लंबे टांडा-सुरहुरपुर मार्ग और 68 किमी लंबे शाहगंज-मुंगराबादशाहपुर मार्ग को फोरलेन करने का प्रस्ताव पीडब्ल्यूडी ने तैयार कर लिया है। जौनपुर जिले में स्थित शाहगंज-मुंगराबादशाहपुर स्टेट हाईवे का कार्य प्रारंभ करने का प्रस्ताव भी मुख्यमंत्री कार्यालय को भेजा गया है।

टांडा-सुरहूपुर खंड को फोर लेन करने का प्रस्ताव भी जल्द मुख्यमंत्री कार्यालय को भेजने की तैयारी है। इस कॉरिडोर में 123 किमी लंबा फोरलेन बनाने का काम सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय करना है। यह कॉरिडोर शामली-गोरखपुर एक्सप्रेसवे, पूर्वांचल एक्सप्रेसवे और विंध्य एक्सप्रेसवे से जुड़ेगा।

इसके साथ ही कुशीनगर-देवरिया-दोहरीघाट-गाजीपुर-जमानिया होते हुए वाराणसी तक प्रस्तावित दूसरे नार्थ-साउथ कॉरिडोर के कुशीनगर-देवरिया और देवरिया-दोहरीघाट खंड का काम चल रहा है। कॉरिडोर के शेष हिस्से का काम भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को करना है, जो कि पहले से बना हुआ है। अधिकारियों का कहना है कि दोनों कॉरिडोर का काम दो वर्षों में पूरा हो जाएगा।