इंस्पायर अवॉर्ड मानक योजना में उत्तर प्रदेश अव्वल, 30 हजार से अधिक छात्रों ने भेजे आईडिया
उत्तर प्रदेश इंस्पायर अवॉर्ड मानक योजना में 30,127 आवेदनों के साथ देश में पहले स्थान पर है, जिसमें लखनऊ जिला सबसे आगे है।

ये तस्वीर एआई द्वारा जनरेट की गई है।
HighLights
उत्तर प्रदेश इंस्पायर अवार्ड मानक योजना में देश में अव्वल।
प्रदेश से 30,127 आवेदन, लखनऊ जिला नामांकन में सबसे आगे।
योजना छात्रों में वैज्ञानिक सोच, रचनात्मकता और तकनीकी समाधान विकसित करती है।
राज्य ब्यूरो, लखनऊ। इंस्पायर अवॉर्ड मानक योजना में नामांकन के मामले में उत्तर प्रदेश देश में पहले स्थान पर है। प्रदेश से अब तक 30,127 आवेदन किए जा चुके हैं। राजस्थान 24,424 नामांकन के साथ दूसरे और बिहार 16,346 नामांकन के साथ तीसरे स्थान पर है।
छत्तीसगढ़ चौथे, कर्नाटक पांचवें, ओडिशा छठे, झारखंड सातवें, उत्तराखंड आठवें, मध्य प्रदेश नौवें और महाराष्ट्र 10वें स्थान पर है। प्रदेश के 75 जिलों में लखनऊ सबसे आगे है। मंडल स्तर पर भी लखनऊ मंडल का नामांकन सर्वाधिक है।
केंद्र सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की ओर से योजना के लिए 15 जुलाई से आवेदन लिए जा रहे हैं। अंतिम तिथि 10 अक्टूबर है। स्कूलों के माध्यम से छात्रों के नए और उपयोगी विचार पोर्टल पर भेजे जाते हैं।
राष्ट्रीय स्तर पर इनकी समीक्षा के बाद चयनित एक लाख विद्यार्थियों को डीबीटी से 10-10 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाती है। इससे विद्यार्थी अपने विचार का माडल या विज्ञान प्रोजेक्ट तैयार करते हैं। इसके बाद जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर की विज्ञान प्रदर्शनियों में माडल प्रदर्शित करने का मौका मिलता है।
राष्ट्रीय स्तर पर चुने गए शीर्ष 60 प्रोजेक्ट के विद्यार्थियों को आइआइटी और एनआइटी जैसे संस्थानों के वैज्ञानिकों से मार्गदर्शन मिलता है और उनके प्रोजेक्ट का पेटेंट भी कराया जाता है। योजना बच्चों में वैज्ञानिक सोच, रचनात्मकता और रोजमर्रा की समस्याओं के तकनीकी समाधान खोजने की क्षमता विकसित करती है।
