सरकारी ITI में जल्द खुलेंगी बंपर भर्तियां, बिना लिखित परीक्षा होगी हायरिंग; कितनी मिलेगी सैलरी?
उत्तर प्रदेश के 149 राजकीय आईटीआई में 1065 प्रशिक्षक और कार्यदेशक आउटसोर्सिंग के माध्यम से भर्ती किए जाएंगे। व्यावसायिक शिक्षा ...और पढ़ें

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HighLights
1065 प्रशिक्षक व कार्यदेशक आउटसोर्सिंग से रखे जाएंगे।
प्रशिक्षकों को 23,600 रुपये, कार्यदेशकों को 30,000 रुपये मानदेय।
चयन समिति द्वारा अनुभव के आधार पर भर्ती प्रक्रिया पूरी होगी।
राज्य ब्यूरो, लखनऊ। प्रदेश में 149 राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आइटीआइ) में शुरू किए गए नए ट्रेडों को संचालित करने के लिए 1065 प्रशिक्षक व कार्यदेशक आउटसोर्सिंग से रखे जाएंगे। इनमें 894 प्रशिक्षक और 171 कार्यदेशक होंगे।
व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास व उद्यमशीलता विभाग ने इनके चयन, अनुभव और मानदेय की व्यवस्था तय कर दी है। इन संस्थानों में टाटा टेक्नोलाजीज लिमिटेड के सहयोग से नए कोर्स संचालित किए जा रहे हैं।
नए ट्रेडों में फिलहाल नेशनल ट्रेड सर्टिफिकेट (एनटीसी) या नेशनल अप्रेंटिसशिप सर्टिफिकेट (एनएसी) धारक प्रशिक्षकों की पर्याप्त उपलब्धता नहीं है। ऐसे में पहले चरण में 70 प्रतिशत पद डिग्री-डिप्लोमा धारकों और 30 प्रतिशत पद एनटीसी/एनएसी धारकों से भरे जाएंगे।
अंतिम परीक्षा पास करने के बाद का ही होगा मान्य
आउटसोर्सिंग से रखे जाने वाले कार्यदेशक को प्रतिमाह 30 हजार रुपये और प्रशिक्षक को 23,600 रुपये मानदेय दिया जाएगा। चयन के लिए संबंधित मंडलीय संयुक्त निदेशक की अध्यक्षता में समिति होगी। एजेंसी का चयन जेम पोर्टल के माध्यम से किया जाएगा और उसके बाद समिति चयन प्रक्रिया पूरी करेगी। प्रशिक्षकों के लिए अनुभव उनकी तकनीकी योग्यता की अंतिम परीक्षा पास करने के बाद का ही मान्य होगा।
संबंधित क्षेत्र में शिक्षक या प्रशिक्षक के रूप में संस्थान में किया गया अनुभव भी स्वीकार किया जाएगा। लखनऊ के अलीगंज स्थित प्रादेशिक स्टाफ प्रशिक्षण एवं शोध केंद्र में गेस्ट फैकल्टी को 500 रुपये प्रति घंटे की दर से भुगतान होगा।
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इसकी अधिकतम सीमा 30 हजार रुपये प्रतिमाह होगी। वहीं राजकीय आइटीआइ में गेस्ट फैकल्टी को 200 रुपये प्रति घंटे की दर से अधिकतम 20 हजार रुपये प्रतिमाह दिए जाएंगे। दोनों जगह प्रतिदिन अधिकतम चार घंटे ही गेस्ट फैकल्टी के रूप में सेवाएं ली जा सकेंगी।
