अयोध्या, (रघुवरशरण)। मेक शिफ्ट स्ट्रक्चर में विराजमान रामलला को अमूमन पोशाक की किल्लत का सामना करना पड़ता है। राम जन्मोत्सव के मौके पर रामलला को पूरे साल के लिए कुल सात पोशाकें मिलती हैं और एक पोशाक 52 दिन पहननी पड़ती है।  

ये है पूरा मामला 

पं. कल्किराम ने सोमवार को रामलला के प्रधान अर्चक आचार्य सत्येंद्रदास को पोशाक का पूरा सेट प्रदान किया गया। इसमें रामलला के साथ भरत, लक्ष्मण, शत्रुघ्न एवं हनुमान जी के विग्रह की पोशाक के साथ रामलला के पृष्ठ और आगे का पर्दा शामिल है। मुख्य अर्चक ने मंगलवार को लाल रंग की यह पोशाक रामलला को धारण भी करा दी। एक सवाल के उत्तर में मुख्य अर्चक ने कहा, रामलला को पोशाक धारण कराना और मेक शिफ्ट स्ट्रक्चर के सम्मुख ध्वज लगाना उनकी स्वतंत्रता है और इसमें कोर्ट की ओर से जारी यथास्थित का आदेश कायम रखने में कोई अड़चन नहीं है। 

समर्पण की म‍िसाल 

पोशाक देने वाले पं. कल्किराम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति समर्पण की मिसाल हैं। वे 2014 में प्रधानमंत्री बनने से पूर्व ही नरेंद्र मोदी के लिए विशाल वैदिक अनुष्ठान करते आ रहे हैं। इन दिनों भी कल्किराम नियमित रुद्राभिषेक के साथ विष्णु महायज्ञ के माध्यम से प्रधानमंत्री की कीर्ति-कामयाबी में वृद्धि के लिए अनुष्ठान कर रहे हैं।

Posted By: Anurag Gupta

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